अजमेर. सोते हुए व्यक्ति पर कुल्हाड़ी से प्रहार कर हत्या करने के मामले में एडीजे फास्ट ट्रेक महावीर प्रसाद शर्मा ने गुरुवार को एक आरोपी को दोषी ठहराते हुए उम्र कैद और एक हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया है।
यह था मामला >>
पुष्कर थाना क्षेत्र स्थित चांवडिया निवासी सुवालाल के पुत्र प्रह्लाद के खिलाफ तिलोरा निवासी चूकादेवी ने पिछले साल 21 मई को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। वृद्घा चूकादेवी का कहना था कि रात को वह अपने पुत्र सावंत उर्फ सावतिया व पोते भागचंद के पास सो रही थी। रात करीब 11-12 बजे प्रह्लाद कुल्हाड़ी लेकर आया और सोते हुए सावंत पर अंधाधुंध वार कर दिए। चीख सुनकर सावंत का नौ वर्षीय पुत्र भागचंद भी जाग गया। प्रह्लाद ने भागचंद पर भी हमला कर दिया। वारदात के बाद प्रह्लाद मौके से भाग गया और घायल सावंत की तत्काल मौत हो गई थी।
मामूली विवाद बना वजह
सावंत के पुत्र भागचंद ने प्रह्लाद के फार्म हाउस में लगा तरबूज तोड़ लिया था। इस बात को लेकर प्रह्लाद ने भागचंद की पिटाई कर दांत तोड़ दिया था। सावंत और प्रह्लाद में इस बात पर विवाद हुआ, लेकिन बाद में सुलह भी हो गई थी। बाद में फिर इनके बीच झगड़ा हुआ और प्रह्लाद ने नशे की हालत में सावंत के घर जाकर कुल्हाड़ी से काम तमाम कर दिया।
लहू ने दी गवाही
अदालत के समक्ष विशिष्ट लोक अभियोजक अशोक तेजवानी ने 21 गवाह व 35 दस्तावेज पेश किए। मृतक का पुत्र भागचंद और मां चूकादेवी चश्मदीद गवाह बने। मृतक के कपड़ों व बिस्तर और हत्यारे से बरामद कुल्हाड़ी पर लगा खून एफएसएल जांच में एक ही व्यक्ति का पाया गया। अदालत ने इन सभी आधार पर प्रह्लाद को हत्या और भागचंद पर हमले का दोषी ठहराया।