HomeNewsMetrosChandigarh Chandigarh

पीजीआई: पॉजीटिव ब्लड ग्रुप, नेगेटिव स्टेटस

चंडीगढ़गर्मियों के दस्तक देते ही अस्पतालों के ब्लड बैंक्स में खून का स्टॉक कम होना शुरू हो गया है। रेयर ब्लड ग्रुप्स की तो जबर्दस्त कमी है ही, पीजीआई में ए और बी पॉजीटिव ब्लड भी नहीं है। शुक्रवार रात तक पीजीआई के स्टॉक में 11 यूनिट ब्लड ही रह गया था।

ऐसे हालात में इमरजेंसी से कैसे निपटेंगे इसका जवाब अस्पतालों के पास नहीं है। इमरजेंसी में ब्लड की जरूरत पड़े तो तीमारदारों को ब्लड के लिए भागदौड़ करनी पड़ती है और डोनर लाना पड़ता है। ब्लड न मिलने से कई रूटीन ऑपरेशन पोस्टपोन करने पड़ते हैं।

क्या है कारण :

गर्मियों की शुरुआत में कॉलेजेज और स्कूलों की छुट्टियां, दफ्तरों में क्लोजिंग का टाइम। इस दौरान ब्लड डोनेशन कैंप लगने कम हो जाते हैं और अस्पतालों को जूझना पड़ता है खून की कमी से।

डिमांड ज्यादा, सप्लाई कम :

अस्पतालों की तरफ से सुबह ब्लड डोनेशन कैंप लगाए जाते हैं। जो यूनिट आ गए, वे अस्पतालों में पहुंचते हैं और शाम तक इस्तेमाल हो जाते हैं। जितनी जरूरत है, उससे बहुत कम ब्लड आता है। पीजीआई ने शनिवार को कैंप लगाया जिसमें 80 यूनिट ब्लड आया, जबकि यहां रोज करीब 200 ब्लड की जरूरत होती है।

ब्लड के बारे में पीजीआई ने शनिवार को डाटा देने से इनकार कर दिया। ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन की हेड प्रो. नीलम मरवाहा का कहना है कि उनके पास पर्याप्त मात्रा में ब्लड है और मरीजों को दिया जा रहा है।

आगे हमारे कैंप लगने वाले हैं।जीएमसीएच-32 की सबिता बसु का कहना है कि उनके पास पर्याप्त मात्रा में ब्लड है, पर डाटा देने से उन्होंने इनकार कर दिया। जीएमएसएच-16 के डॉ. एमएस आनंद ने बताया कि उनके पास ब्लड है और दूसरे अस्पतालों के मरीज भी ब्लड लेने उनके पास आते हैं। जितना संभव होता है, उतना ब्लड देते हैं।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: