इंदौर. स्थान- एबी रोड पर मेडिकल कॉलेज से आगे
समय- शनिवार रात 10.30 बजे
तीन बाइक पर सवार छह मनचलों की मनमानी शबाब पर थी। पहले मेडिकल कॉलेज के सामने स्कूटी पर जा रही दो युवतियों को रोककर हाथ पकड़ा फिर जीपीओ चौराहे पर एक लड़की को छेड़ा। यह सब डॉक्टर व भास्कर संवाददाता ने भी देखा तो मोबाइल से कंट्रोल रूम खबर कर दी। इससे बेखबर मनचले आगे बढ़ते ही गए। भंवरकुआं चौराहा पर उनका सामना पुलिस से हुआ तो चेहरे पर हवाइयां उड़ने लगीं। उन्हें भंवरकुआ थाने ले गए और सारी गुंडागर्दी भुला दी।
दरअसल उनकी हरकतों की जानकारी कंट्रोल रूम पहुंची और पुलिस को सतर्क कर दिया गया। नतीजा सामने था। ऐसी कोई घटना आप भी कहीं देखें तो 100 नंबर डायल कर कंट्रोल रूम को खबर कर सकते हैं। वहां पहचान बताने की भी जरूरत नहीं। केवल सही लोकेशन और गाड़ी नंबर बताना होगा। यही जागरूकता कई लोगों को परेशानी से बचाएगी और मनचलों को हवालात भी पहुंचाएगी। ऐसे कई वाकये आए दिन देखने-सुनने में आते हैं लेकिन थोड़ी हिम्मत दिखाएं तो बदमाश सजा भी पाते हैं। ऐसी ही कुछ मिसालें संबंधित लोगों ने ‘भास्कर’ को बताईं।
हिम्मत दिखाई तो.. : आठ दिन पहले कोचिंग क्लास से लौट रही रुचि का बाइक सवार लड़कों ने पीछा किया और एक ने हाथ पकड़ने की कोशिश की। रुचि चिल्लाई तो देखते ही देखते भीड़ जमा हो गई और मनचले गायब। रुचि बताती हैं वे आठ दिन से ऐसा कर रहे थे लेकिन उसके बाद नहीं दिखे।
पिटाई भी हुई : संगीता शर्मा एबी रोड पर एक गार्डन से शादी के रिसेप्शन से लौट रही थीं। एमजी रोड पहुंची तो बाइक सवार चार युवक साथ-साथ चलने लगे। भैया से रीगल तिराहे पर मिलने की बात हो चुकी थी इसलिए बगैर घबराए गाड़ी चलाती रही। रीगल तिराहे पर भैया की स्कॉर्पियो के पास गाड़ी लगाई और उन्हें इशारा किया। उन्होंने मुझे गाड़ी में बैठाया और शास्त्री ब्रिज पर उन्हें पकड़ लिया। गाड़ी में भैया के दोस्त भी थे। सभी ने मिलकर उनकी पिटाई कर दी।
पुलिस सामने थी
रेडियो कॉलोनी निवासी संजना श्रीवास्तव पिछले महीने रात करीब पौने ग्यारह बजे पलासिया से घर लौट रही थीं। गीता भवन चौराहे पर दो लड़कों ने कमेंट्स किए और पीछा करने लगे तो भैया को फोन कर दिया। उन्होंने परिचित पुलिस अधिकारी को सूचना दी और जीपीओ चौराहे पर पुलिस ने उन लड़कों को पकड़ लिया। उस दिन के बाद वे ऐसी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहती हैं।
हम साथ-साथ हैं
डीआईजी वी. मधुकुमार के मुताबिक लोग अगर जागरूकता दिखाएं तो ऐसी घटनाओं पर रोक लग सकती है। मेरा मानना है पुलिस और जनता हमेशा साथ-साथ हैं। हमने कंट्रोल रूम को काफी मजबूत किया है। सूचना मिलते ही संबंधित थाना क्षेत्र की पुलिस सक्रिय हो जाती है। रविवार की घटना में भी छह आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।