भोपाल. यदि मोबाइल फोन को समृद्धि का सूचक माना जाए, तो मप्र तेजी से आगे बढ़ रहा है। छह करोड़ आबादी वाले इस प्रदेश में करीब एक करोड़ मोबाइल फोन हैं। औसतन हर परिवार में एक व्यक्ति की जेब में मोबाइल फोन है।
सेंटर फार मानिटरिंग इंडियन इकानामी की ताजा रिपोर्ट के अनुसार मप्र में फरवरी 2008 तक मोबाइल फोन की कुल संख्या 89 लाख 47 हजार पर पहुंच गई है। अकेले फरवरी महीने में तीन लाख 87 हजार नए ग्राहक जुड़े। एक साल पहले प्रदेश में कुल मोबाइल 49 लाख 40 हजार थे। खास बात यह है कि प्रदेश में मोबाइल फोन की संख्या राष्ट्रीय औसत से ज्यादा तेजी से बढ़ रही है।
एक साल में पूरे देश में 60 प्रतिशत मोबाइल फोन बढ़े, जबकि मप्र में यह वृद्धि 81 प्रतिशत है। वर्ष 2001 की जनगणना के अनुसार मप्र की आबादी छह करोड़ है, यानी छह व्यक्तियों के एक परिवार के मान से हर परिवार में एक व्यक्ति की जेब में मोबाइल फोन है।
टेलीकाम सेक्टर में 1700 करोड़ का निवेश
रिपोर्ट के अनुसार टेलीकाम ग्राहकों की संख्या बढ़ने के साथ ही प्रदेश में इस सेक्टर में निवेश भी तेजी से बढ़ रहा है। बेसिक टेलीकम्युनिकेशन सेवाओं के विस्तार के लिए 1350 करोड़ रुपए का निवेश हुआ है। सेल्युलर मोबाइल में यह आंकड़ा 250 करोड़ है। मप्र के सभी कलेक्टर कार्यालयों को आपस में जोड़ने के लिए चल रहे स्वान प्रोजेक्ट में 172 करोड़ रुपए का निवेश इस साल हुआ है।