इंदौर. नगर निगम शहरभर के 14 पुराने बस स्टॉप हटाने की तैयारी कर रहा है। निगम ने इन्हें ठेके पर बनवाया था। अब ठेका अवधि खत्म हो गई है और दूसरे बस स्टॉप भी बनवा लिए हैं इसलिए इनका औचित्य नहीं रह गया।
सूत्रों का कहना है निगम ने सात साल पहले इन्हें ब्ल्यू मून कंपनी को ठेके पर दिया था। उसे विज्ञापन अधिकार भी दिए थे लेकिन इनका ढंग से रखरखाव नहीं किया। दिसंबर में ठेके की अवधि भी खत्म हो गई। अब इन्हें हटाने की तैयारी की जा रही है।
ये बस स्टॉप एमजी रोड, एबी रोड, आरएनटी मार्ग, अन्नपूर्णा रोड, एमआर-10, मेघदूत उपवन स्थित हैं। सिटी इंजीनियर हंसकुमार जैन ने इन्हे हटाने के लिए रिमूवल अधिकारी अजित श्रीवास्तव को सूची सौंपी है।
किसी का ध्यान नहीं गया
यह स्थिति कई समय से चल रही है। महत्वपूर्ण रोड होने से यहां से रोजाना कोई न कोई वीआईपी या बड़े प्रशासनिक अधिकारी गुजरते हैं लेकिन किसी ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। तिराहे के ठीक पास पलासिया थाना और ट्रैफिक थाना भी है। रोजाना सुबह 10 से 12 और शाम पांच से सात बजे तक इस तिराहे से निकलना बड़ा कठिन है।
पुल की तरफ से भी है वाहनों का दबाव : तिराहे पर बने संकरे पुल से हरिजन कॉलोनी होते हुए 56 दुकान तक जाया जा सकता है। इस ओर से आने-जाने वाले दोपहिया भी तिराहे पर आते हैं। इस संकरे पुल से एबी रोड पर आने वाले दोपहिया अचानक बाहर आ जाते है जिससे ट्रैफिक में खलल पड़ता है।
केवल बस स्टॉप को आगे करना है : नगर निगम को इस बस स्टॉप को केवल इंडस्ट्री हाउस की तरफ थोड़ा आगे करना है। इससे सिटी बसों और वैन आदि चौराहे के ठीक पास नहीं खड़े होंगे और जाम नहीं लगेगा।
भास्कर ने पूछा तो याद आया
दैनिक भास्कर संवाददाता ने जब इस बस स्टॉप की वजह से ट्रैफिक में हो रहे व्यवधान के बारे में निगम के फीडर रोड प्रभारी अशोक राठौर से बात की तो उन्होंने बताया शहर के 14 बस स्टॉप हटाने की सूची हम लगभग एक माह पहले ही रिमूवल विभाग को दे चुके हैं। इसमें यह स्टॉप भी शामिल है। लोगों को इतनी दिक्कत है तो इस स्टॉप को सबसे पहले हटाया जाएगा।