जयपुर. जयपुर में रविवार को आईपीएल टी-20 का तीसरा मैच देखने के लिए भीषण गर्मी भी क्रिकेटेप्रेमियों का उत्साह कम नहीं कर पाई। जयपुर वासियों का हल्ला बोल मैच खत्म होने तक चलता रहा। राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई सुपर किंग्स टीम का मुकाबला देखने को आतुर क्रिकेटप्रेमी दिन भर एसएमएस स्टेडियम के आसपास मंडराते रहे। कोई टिकट खिड़की की कतार में तो कोई फ्री टिकट या पास के जुगाड़ में था।
उनको न केवल राजस्थान रॉयल्स की जीत की उम्मीद थी, बल्कि ट्वेंटी-20 वल्र्ड कप विजेता कप्तान धोनी को एक पलक निहारने की तमन्ना भी थी। हल्ला बोल की गूंज के साथ अपरान्ह तीन बजे से भीड़ बढ़ने लगी और शाम करीब 6 बजे स्टेडियम में प्रवेश पाने की होड़ चरम पर पहुंच गई। क्रिकेटप्रेमी समय से दो घंटे पहले ही मैदान में जाना चाहते थे।
रॉयल्स के लिए जोश : मैच के लिए लंबी कतार में खड़े युवाओं से जब पूछा गया कि वे किस बात से ज्यादा रोमांचित हैं, तो ज्यादातर का जवाब था शुरू में डांस, गाने और चीयर गल्र्स के ठुमकों का रोमांच था, पर रॉयल्स ने जो कारनामा दिखाया है उसने आईपीएल के इस कॉन्टेस्ट की सूरत बदल दी है। कुछ युवाओं का कहना था कि वे डांस और क्रिकेट का रोमांच लेने आए हैं।
कतार में खड़े युवक-युवतियों के एक समूह ने बताया कि रॉयल्स की लगातार जीत से उन्हें भी पहली बार मैच देखने पर मजबूर होना पड़ा। झोटवाड़ा निवासी स्वाति शर्मा और लालकोठी निवासी शारदा सिन्हा का कहना था, इस मैच का मजा कई गुना ज्यादा था क्योंकि धोनी प्रतिद्वंदी टीम का कप्तान था। राजकुमार यादव का कहना था कि उसे धोनी की नाकामी पर निराशा हाथ लगी, लेकिन रॉयल्स की जीत से खुशी हुई।
पुलिसकर्मियों का ‘हल्ला बोल’: स्टेडियम के बाहर यातायात पुलिसकर्मियों ने आने जाने वालों पर हल्ला बोल रखा था। टोंक रोड वाले प्रवेश द्वारा पर पुलिसकर्मियों ने टोंक फाटक निवासी गौरवकुमार को निशाना बनाया जो अपने दुपहिया वाहन पर बैठकर परिजनों का इंतजार कर रहे थे।
वहीं अमर जवान ज्योति के पीछे स्टेडियम के पश्चिम द्वार पर यातायात कांस्टेबल श्रवणकुमार चौधरी परिचित को प्रवेश कराने की जुगाड़ में सुरक्षाकर्मी से उलझ पड़े। अंदर निशुल्क बंट रही हल्ला बोल की टीशर्ट लेने वालों पर भी पुलिसकर्मियों ने जमकर हल्ला बोला। कुछ युवाओं में हाथापाई भी हुई, पर पुलिसकर्मी भी कुछ देर बाद ही उनको शांत कराने पहुंचे।
दस-दस में बिके चौके छक्के : स्टेडियम के बाहर दस-दस रुपए में छक्के व चौके के बैनर भी धड़ल्ले से बिके। कुछ लोगों ने राजस्थान रॉयल्स की जीत के लिए हस्तलिखित बैनर बनाकर खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। वहीं महिलाएं तिरंगे को मैदान में लहराती नजर आई।
मैदान में मच्छर भगाने के लिए फोगिंग : मैच शुरू होने से आधे घंटे पहले मच्छरों को भगाने के लिए फोगिंग का सहारा लिया गया। हालांकि शहर में प्रशासन द्वारा फोगिंग पर रोक लगी हुई है। इसे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक माना जाता है, लेकिन रविवार रात लाइटों के बीच होने वाले मैच में मच्छरों को भगाने के लिए फोगिंग का उपयोग किया गया।
रॉयल्स टीम के कलर में सीएम : राजस्थान रॉयल्स टीम का उत्साह बढ़ाने राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी मैच देखने पहुंची। उन्होंने व उनके साथ आई महिला मित्रों ने रॉयल्स के ब्लू रंग की साड़ी पहनी हुई थीं। सीएम ने जमकर मैच का आनंद लिया।
सनोबर कबीर व शिवमणि की धूम
मैच के दौरान दर्शकों का उत्साह बढ़ाने के लिए आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में ‘मेरी बेरी के बेर मत तोड़ो’ से धूम मचाने वाली सनोबर कबीर ने जहां कजरारे-कजरारे मेरे कारे-कारे नैना व बीड़ी जलाइले के गाने सुनाए वहीं प्रसिद्ध ड्रम प्लेयर शिवमणि ने ड्रम की खनक से दर्शकों का उत्साह दो गुना कर दिया।
इससे पहले एंकर की भूमिका में अभिनेता रोहित रॉय ने ठेठ जयपुरी अंदाज में रिक्शे पर बैठकर मैदान का चक्कर लगाया व दर्शकों को उत्साहित किया। हर चौके छक्के की गूंज लोगों को ड्रम की धुन से ही मालूम होती रही।