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Shekhawati Shekhawati झुंझुनूं. लड़की की 18 और लड़के की 21 साल से पहले शादी भले ही कानूनन जुर्म हो, लेकिन ऐसा खुलेआम हो रहा है। चाहकर भी पुलिस अधिकारी कुछ नहीं कर पाते। इसके पीछे बड़ा कारण है उम्र निर्धारण का फामरूला। अक्सर बाल विवाह करने वाले मां-बाप बच्चों का जन्म संबंधी रिकार्ड देने से मना कर देते हैं।
ऐसे में पुलिस के पास एक ही चारा बचता है, वो है मेडिकल जांच। इसमें 15 साल के बच्चे में भी 18 साल जैसे लक्षण मिलते हैं। इससे सही उम्र का निर्धारण नहीं हो पाता। मेडिकल जांच की आड़ में हर साल सैकड़ों बच्चे उम्र से पहले ही विवाह की डोर में बंध जाते हैं।
मेडिकल विशेषज्ञों का कहना है कि उम्र के अनुसार शरीर में कई बदलाव आते हैं। मेडिकल साइंस इन्हीं को आधार मानकार उम्र का निर्धारण करती है। दांतों को आधार मानें तो एक साल की उम्र में चार, 12 साल में 20 तथा 21 से 23 की उम्र में पूरे 32 दांत आ जाते हैं। ब्रोन फ्यूजन देखें तो 10 साल की उम्र में कंधे की हड्डी, 15 से 16 साल के बीच कोहनी की हड्डी, 18 साल में कलाई तथा 20 से 21 साल की उम्र में हंसली (कालर ब्रोन) में फ्यूजन होता है।
1920 में बने मोदी एक्ट के ‘बोनी एज एस्टीमेशन’ को आज तक उम्र निर्धारण के लिए मेडिकल फामरूला माना जा रहा है। इसके तहत शरीर के जोड़ों की हड्डियों में विकसित होने के लिए तय जगह खाली होती है। जो एक निश्चित उम्र के बाद खत्म हो जाती है। इसे ब्रोन फ्यूजन कहते हैं। एक्ट के मुताबिक 10 साल की उम्र में कंधे की हड्डी में फ्यूजन होता है। 15 साल की उम्र में कोहनी, 18 में कलाई तथा 21 की उम्र में हंसली की हड्डी में फ्यूजन होता है।
जांघ की हड्डी में यह 17 साल की उम्र में एपीयर होता है और करीब 23 साल की उम्र में फ्यूजन हो जाता है। इसके बाद पसली की मध्यम हड्डी के चार भागों के आधार पर उम्र तय होती है। इस हड्डी के पहले भाग में 30 साल की उम्र में, दूसरे में 35, तीसरे में 40 तथा चौथे भाग में 45 साल की उम्र में फ्यूजन होता है।
ब्रोन फ्यूजन का यह फामरूला करीब 90 साल पुराना है। इस लंबे अरसे में सब-कुछ बदल गया। खाना-पानी, रहन-सहन, पहनावा यहां तक की सोच में भी आमूलचूल बदलाव आ गया।
बदलते परिवेश में सेक्स हार्मोन
जल्द सक्रिय होने लगे हैं। बच्चा कच्ची उम्र में ही टीवी व अन्य साधनों से यौन संबंधों के बारे में जान लेता है। यौन संबंधों के प्रति उत्सुकता से हार्मोनल डिसआर्डर होने लगाता है। शरीर में कुछ खास हार्मोन्स उत्तेजित होते हैं, जिससे समय से पहले ही संबंधी लक्षण दिखाई देने लगते हैं।
ब्रोन फ्यूजन की उम्र
हड्डी का नाम पहले अब
कंधे की हड्डी 10 9
कोहनी हड्डी 15 14
कलाई हड्डी 18 16
हंसली हड्डी 21 16
जांघ हड्डी 23 20
पसली भाग-1 30 26
पसली भाग-2 35 30
पसली भाग-3 40 35
पसली भाग-4 45 40