कोटा. मेडिकल कॉलेज कोटा के चिकित्सालय के साथ आगामी एक वर्ष में ट्रोमा केयर सेन्टर प्रारंभ करने के प्रयास शुरू किए जाएंगे। यह जानकारी बुधवार को मेडिकल कॉलेज चिकित्सालयों की व्यवस्थाओं से संबंधित समीक्षा बैठक में दी गई।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डा. जी.एल.वर्मा ने बताया कि ट्रोमा केयर सेन्टर की इकाई स्थापित करने के लिए 9 करोड़ 46 लाख 96 हजार रुपए के प्रस्ताव तैयार कर विभाग को भिजवाए गए हैं।
प्रस्तावों में चिकित्सक, स्टाफ के लिए 54 लाख 96 हजार रुपए, भवन निर्माण के लिए एक करोड़ 80 लाख रुपए तथा उपकरणों के लिए 7 करोड़ 12 लाख प्रस्तावित किए गए हैं। प्रस्तावों में 10 हजार 200 वर्गफीट क्षेत्रफल में भवन निर्माण कराए जाने का प्रावधान है। जिसके लिए एक करोड़ 80 लाख रुपए का प्रस्ताव रखा गया है।
संसदीय सचिव ओम बिरला की अध्यक्षता में हुई बैठक में कलेक्टर अभय कुमार, अस्पताल अधीक्षक डा. आर.के.आसेरी, अतिरिक्त संभागीय आयुक्त अम्बरीश मेहता, एडीएम आर.के. जायसवाल, यूआईटी सचिव सोहनलाल शर्मा, आरयूआईडीपी के एसई गिरिराज सिंह हाड़ा, पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन विष्णु प्रसाद मित्तल उपस्थित थे।
ट्रोमा सेंटर में क्या होगा खास
ट्रोमा केयर सेन्टर में दुर्घटना में घायल व्यक्ति के लिए आवश्यक सभी चिकित्सा सुविधाएं एक छत के नीचे मिलेंगी। इसमें रिसेप्शन काउन्टर, ओपीडी ब्लाक, 10 बेड का वार्ड, सीटी स्केनर कक्ष, एक्सरे कक्ष, लेबोरेट्री, ईसीजी कक्ष, सोनोग्राफी कक्ष, भण्डार कक्ष, रिहेबिलेशन वार्ड, अटेडेंस रुम तथा शौचालय आदि बनाए जाने का प्रस्ताव है।
कितने स्टाफ की होगी जरूरत
ट्रोमा वार्ड के लिए स्पेशलिस्ट, नर्सिग स्टाफ तथा पैरामेडिकल स्टाफ के रूप में 71 पदों के लिए प्रस्ताव शामिल किए गए हैं।
गोद देने का सुझाव
संसदीय सचिव बिरला ने अस्पताल परिसर की सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने, कॉटेज एवं क्यूबिकल वार्डो की मरम्मत का कार्य शीघ्र कराने, अधूरी सड़क को पूरा कराने, प्रवेश द्वार को स्वच्छ रखने के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पताल के वार्डो के रखरखाव के लिए विभिन्न संस्थाओं को गोद दिए जाने का सुझाव दिया।
गुणवत्ता के निर्देश
कलेक्टर अभय कुमार ने कहा कि चिकित्सालय में निर्माण कार्र्यो की गुणवत्ता का विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने मेडिकेयर रिलीफ सोसायटी को यूआईटी की ओर से वांछित सहयोग भी उपलब्ध कराने के लिए आश्वस्त किया। उन्होंने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को अस्पताल में कराए जाने वाले कार्र्यो का तकमीना तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा।