जयपुर. एक साल में जिले के हर कांस्टेबल को कंप्यूटर का ज्ञान होगा। इसके लिए निजी सहभागिता से प्रदेश की पहली कंप्यूटर प्रयोगशाला जयपुर में बनाई गई है। इसका उद्घाटन शुक्रवार को पुलिस महानिदेशक अमरजोतसिंह गिल करेंगे। इस लैब में एक साथ 40 पुलिसकर्मी प्रशिक्षण ले सकेंगे।
पुलिस महानिरीक्षक जयपुर रेंज प्रथम पंकज कुमार सिंह ने बताया कि गोपालपुरा मोड़ के पास स्थित एसपी ईस्ट कार्यालय परिसर में इस लैब को स्थापित किया गया है। निजी सहभागिता से शुरू की जा रही इस लैब में प्रत्येक थाने से एक कांस्टेबल को प्रशिक्षण के लिए बुलाया जाएगा। एक वर्ष तक चलने वाले इस कार्यक्रम में प्रत्येक कांस्टेबल को एक सप्ताह का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
मुंबई में दिया गया था प्रशिक्षण: पुलिस महानिरीक्षक ने बताया कि मुंबई में इस तरह प्रशिक्षण दिया गया था। इसके बाद राजस्थान में यह कार्यक्रम तय किया गया है। निजी सहभागिता से केवल 40 कंप्यूटर मिले हैं। इसके अलावा कंप्यूटर कक्ष सहित अन्य आवश्यक तैयारियां पुलिस मुख्यालय की ओर से की गई हैं।
सभी सॉफ्टवेयर की जानकारी दी जाएगी: प्रशिक्षण में कांस्टेबल को सभी सॉफ्टवेयरों के बारे में प्रशिक्षित किया जाएगा। विशेषकर कंप्यूटर क्राइम, इंटरनेट, विंडो, कंप्यूटर वाइरस के बारे में जानकारी दी जाएगी।
37 वर्ष से कम के पुलिसकर्मियों को प्राथमिकता: प्रशिक्षण के दौरान 37 वर्ष से कम उम्र के पुलिसकर्मियों को प्राथमिकता दी जाएगी। अब तक प्रत्येक थाने में दो से तीन पुलिसकर्मी ही कंप्यूटर प्रशिक्षित हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि 37 वर्ष से अधिक उम्र के पुलिसकर्मी कंप्यूटर सीखने में भी कम रुचि रखते हैं। प्रशिक्षण में प्राथमिकता उन्ही को दी जाएगी, जो इसमें रुचि रखते हैं।
आरपीए में दिया जाता था प्रशिक्षण:
अब तक पुलिसकर्मियों तथा अधिकारियों को कंप्यूटर के बारे में राजस्थान पुलिस अकादमी में ही प्रशिक्षण दिया जाता था।