इंदौर. देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी प्रशासन और कर्मचारी एक बार फिर 20 सूत्रीय मांगों को लेकर आमने-सामने हैं। कर्मचारी संगठन का कहना है कि यूनिवर्सिटी ने कर्मचारियों से किया समझौता ही बदल दिया। विरोध के पहले चरण में कर्मचारी एक-एक घंटा देरी से काम करेंगे इसके बाद अनिश्चितकालीन हड़ताल की शुरुआत होगी।
इस बार कर्मचारी पहले की अपेक्षा उग्र आंदोलन की रणनीति बना रहे हैं। कर्मचारियों का आरोप है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन ने पिछले आंदोलन के दौरान मांगों को मानने का जो आश्वासन दिया वह उससे मुकर गई।
बार-बार ध्यान दिलाए जाने के बाद भी यूनिवर्सिटी प्रशासन ने इस ओर ध्यान ही नहीं दिया। 29 फरवरी 08 को कर्मचारियों ने अधिकारियों के आश्वासन के बाद 30 अप्रैल 08 तक आंदोलन स्थगित करने का फैसला लिया था।12 मई से आंदोलन शुरू करने के लिए कर्मचारियों ने अपनी मांगों के पोस्टर से यूनिवर्सिटी परिसर को पाट दिया है।
देवी अहिल्या विश्वविद्यालय कर्मचारी (गैर-शिक्षक) संघ के महासचिव बी.डी. कुशगोतिया ने बताया कि 20 सूत्रीय मांगों के समर्थन में 12, 13 एवं 14 मई को कर्मचारी एक घंटा विलंब से कार्य करेंगे। इसके बाद 15, 16 एवं 19 को दो घंटे विलंब से कार्य करेंगे।
21 से 24 मई को कर्मचारी तीन घंटे देरी से कार्य शुरू करेंगे। 26 मई को संभागायुक्त को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। 27 मई से 4 जून तक कर्मचारी क्रमिक धरना यूनिवर्सिटी परिसर में देगें वहीं 5 जून से समस्त कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे।