Manoranjan
Cinema
Bollywood Bollywood परदे के पीछे
छोटे परदे की महारानी एकता कपूर दो कारणों से सुर्खियों में हैं। कुछ केंद्रीय मंत्री उनके सीरियलों को प्रतिबंधित करना चाहते हैं, क्योंकि गलत जीवन मूल्यों की प्रस्तुति उनमें की जा रही है। दूसरा कारण यह है कि राम गोपाल वर्मा ने बयान दिया है कि उन्हें एकता कपूर बहुत सेक्सी लगती हैं। केंद्रीय मंत्रियों को चाहिए कि वे अपना ध्यान राष्ट्रीय समस्याओं पर लगाएं। क्या दिखाना चाहिए और क्या नहीं यह मामला अवाम खुद तय कर लेगा। आप कृपया करके मनोरंजन को परिभाषित नहीं करते हुए स्वतंत्रता और कानून की ही व्याख्या और व्यवस्था करें। इन पंक्तियों का यह अर्थ नहीं है कि एकता के सीरियल मुझे पसंद हैं। पसंद या नापसंद का सवाल उठता है जब उन्हें देखा गया हो।
मुद्दा फिर वही अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता बनाम निहित स्वार्थो द्वारा आयोजित हुल्लड़बाजी है। निदा फाजली ने कमाल अमरोही की साथ बिताए वक्त के आधार पर कुछ लिखा है और मरहूम अमरोही साहब की बेटी ने उन्हें कानूनी नोटिस भेज दिया है कि माफी मांगें। गोया कि आज के दौर में लेखक माफी ही मांगते रहें कि मुझे अपनी विचार करने की शक्ति पर खेद है। अगर अवाम उन सीरियलों को चटखारे लेकर हजम कर रहा है तो सरकारी डॉक्टर उसके बदहाजमे का इलाज क्यों करना चाहते हैं।
हुक्मरानों आप अवाम को रोटी, कपड़ा, और मकान दें, वह अपना मनोरंजन स्वयं चुन लेगा। राम गोपाल वर्मा की ‘सरकार राज’ के विश्व वितरण अधिकार एकता कपूर ने विगत की तरह खरीद लिए थे और हाल ही में उन्हें कुविख्यात हाथी दांत चोर वीरप्पन पर फिल्म बनाने का प्रस्ताव दिया है। ज्ञातव्य है कि शमित अमीन (चक दे इंडिया) ने रामू के लिए ‘अब तक छप्पन’ बनाने के बाद वीरप्पन पर पटकथा लिखी थी जिसका नाम था ‘लैट्स कैच वीरप्पन’। यह अजीब बात है कि मणिरत्नम ने भी रावण की छवि में वीरप्पन का चरित्र ढाला है और उनकी पटकथा भी तैयार है। साथ ही बोनी कपूर की सलमान अभिनीत ‘वांटेड’ के एक्शन मास्टर विजय ने भी वीरप्पन पर पटकथा लिखी है और सलमान को पसंद है। वीरप्पन में फिल्मकारों की रुचि का सीधा कारण यह है कि अपराध कथाएं सफल होती हैं। इस देश में गब्बर, वीरू से ज्यादा लोकप्रिय रहा है।
राम गोपाल वर्मा रूमानी आदमी हैं और यह बताना कठिन है कि उन्हें फिल्में ज्यादा पसंद हैं या औरतें। वे प्राय: अपनी नायिकाओं में रुचि लेते रहे हैं। उर्मिला मातोंडकर दशकों उनकी प्रिय रही हैं परंतु निशा कोठारी या अंतरा माली को वे सफल नायिका नहीं बना पाए। वरन इसी प्रयास में उन्होंने दर्जनों डब्बे बनाए और कंपनी का बेड़ा गर्क हो गया। अत: उनका यह कहना कि एकता कपूर सेक्सी है, बहुत गहरे अर्थ रखता है।
एकता कपूर अब शायद 32 पार हैं और अभी तक कुंआरी हैं। दरअसल एकता का पूरा ध्यान केवल अपने काम पर है और प्रतिदिन 18 घंटे काम करने वाली एकता के पास इश्क के लिए समय ही नहीं है। वह सारा समय अपने दर्जन भर सीरियल की नायिकाओं को ही संवारती रहती हैं। क्या जीतेंद्र रामू जैसा दामाद पसंद करेंगे? क्या तुषार को रामू जैसा जीजा पसंद आएगा? एकता कपूर अपने से अधिक कामयाब आदमी से शादी करेंगी। पहले तो रामगोपाल वर्मा को सफल फिल्में बनानी होंगी तब जाकर वो एकता के समान स्तर पर बात कर पाएंगे। परंतु अभी दोनों साथ-साथ बैठकर डिनर कर सकते हैं।