नई दिल्लीरेल यात्रियों को जल्द ही बुलेट ट्रेन में यात्रा का आनंद उठाने का मौका मिल सकेगा। इस परियोजना पर यदि फ्रांस राजी हो गया तो बमुश्किल सालभर में भारतीय पटरियों पर भी बुलेट ट्रेनें दौड़ती नजर आएंगी। बुधवार को फ्रांस की रेल कंपनी एसएनसीएफ इंटरनेशनल के साथ प्रस्तावित हाईस्पीड पैसेंजर कॉरीडोर पर विस्तृत बातचीत की जाएगी।
उम्मीद है कि हाईस्पीड कॉरीडोर के लिए कंपनी के साथ समझौता-पत्र पर औपचारिक रूप से हस्ताक्षर भी कर लिए जाएंगे। भारतीय रेल को आधुनिक रूप देने के लिए फ्रांस के मंत्री डॉमिनिक बुशरा के साथ रेल राज्य मंत्री नारनभाई राठवा की बातचीत होगी, जिसमें अन्य योजनाओं पर परस्पर सहयोग की संभावनाएं तलाशी जाएंगी। चारों रेलवे जोनों के एक-एक क्षेत्र को पहले चरण में हाईस्पीड ट्रेन कॉरिडोर के लिए चुने जाने का प्रस्ताव है। हालांकि उन्होंने क्षेत्र का चुनाव फ्रांस के रेल विशेषज्ञों पर भी छोड़ने की बात कही। हाईस्पीड कॉरीडोर के अलावा कुछ अन्य आधुनिक तकनीकों के संबंध में भी फ्रांस के साथ एमओयू होने की संभावना है।
रेलवे बोर्ड के सूत्रों ने बताया कि दिल्ली-अमृतसर रेलमार्ग पर सबसे पहले 138 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से बुलेट ट्रेन के लिए मार्ग बनाया जा सकता है। भौगोलिक कारणों से विशेषज्ञों को बुलेट ट्रेन के ट्रायल के लिए यह रेलखंड मुफीद लग रहा है।