जयपुर
शहर में सीरियल बम ब्लास्ट के मामले में पुलिस ने दो संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है। इनमें एक व्यक्ति विस्फोट में घायल हो गया। घायल संदिग्ध आरोपी विजय ने एसएमएस अस्पताल में पुलिस की मौजूदगी में बताया कि वह मुंबई से यहां आया है।
उन्होंने ही ये विस्फोट किए हैं। उसके साथ एक महिला भी थी। उसने कहा कि अगर उस महिला को नहीं पकड़ा तो वह अभी और भी धमाके करेगी। दोनों कपड़ा व्यापारी बन कर मुंबई से जयपुर आए थे।
इसके अलावा कोतवाली पुलिस ने एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में लिया है, लेकिन पुलिस अधीक्षक एचजी राघवेंद्र सुहासा ने किसी भी व्यक्ति को हिरासत में लिए जाने की बात को गलत बताया है।
कोतवाली थाने के सामने विस्फोट के प्रत्यक्षदर्शी एक पुलिसकर्मी ने बताया कि कोतवाली पर बम फेंका गया, जिससे दो पुलिसकर्मियों पहरा संतरी भारत भूषण व दीपक की मौत हो गई। इसके अलावा चालक सुरेंद्र व एक लांगरी घायल हो गए।
आस्था पर आघात
कूकस स्थित एक इंजीनियरिंग कॉलेज के पांच छात्र सांगानेरी गेट स्थित एक दुकान पर किताबें खरीदने गए हुए थे। पैसे कम होने के कारण वे किताबें खरीद नहीं पाए, तभी उनमें से एक छात्र ने कहा-हनुमान मंदिर में मत्था टेक लेते हैं। बाकी भी तैयार हो गए, लेकिन एक गुटखा लेने पान की दुकान पर चला गया। चार के मंदिर में मत्था टेकते और सिवान निवासी अनुपम अविराल के पान कॉर्नर पर पहुंचते ही ब्लास्ट हो गया। हॉस्पिटल पहुंचते-पहुंचते उसकी भी मौत हो गई। ये सभी बिहार के रहने वाले थे।
आंखें खुली तो दिखे घायल
प्रत्यक्षदर्शी बाबूलाल गुप्ता ने बताया कि ब्लास्ट होते ही सांगानेरी गेट पर धुएं से अंधेरा छा गया। किसी का चेहरा तक नजर नहीं आ रहा था। हालांकि, वे विस्फोट से करीब पचास मीटर की दूरी पर थे, लेकिन धमाके की आवाज सुनते ही उनकी आंखें भी कुछ देर के लिए बंद हो गई। जब आंखें खुली तो लोग घायल पड़े हुए थे।