जयपुर
जयपुर में हुए सीरियल बम धमाकों के पीछे किस आतंकवादी संगठन का हाथ है ये अभी तक साफ नहीं हो सका है। दो आतंकवादी संगठन हूजी ( हरकत-अल-जेहाद-अल-इस्लामी) व लश्कर-ए-तैयबा का इन हमलों में हाथ होने की आशंका जताई जा रही है।
जहां-जहां धमाके हुए सभी जगह नई रैंजर साईकिलें मिली हैं। धमाकों में इन्हीं का इस्तेमाल किया गया लगता है। हूजी के दो आतंकवादियों को पिछले साल 22 दिसंबर उत्तर प्रदेश के बाराबंकी से पकड़ा गया था। जिन्होंने ये स्वीकारा था कि वे देश के दो बड़े शहरों पर हमला करने की योजना बना रहे थे। इन आतंककारियों के पास से 1 किलो आरडीएक्स, डिटोनेटर व जिलेटिन छड़ें बरामद की गई थीं।
कुछ ऐसा था मंजर
सवाई मान सिंह अस्पताल में मंगलवार रात को भारी चीख-पुकार मची रही। अपनों की खैर-खबर लेने वाले बदहवास इधर-उधर दौड़ रहे थे। रात 8 बजे 10 बजे तक चारों तरफ अफरा-तफरी मची रही। कई घायल एंबुलैंस से लाए गए, तो कई को उनके रिश्तेदार कारों, आटोरिक्शा, स्कूटरों से लाए। ऐसे हालात में अस्पताल प्रशासन के भी हाथ-पांव भूल गए।
घायलों को इमरजेंसी के फर्श पर लिटाया गया, जिससे वहां खून ही खून नजर आ रहा था। अस्पताल में दवाओं, इन्जेक्शन और पानी के इंतजाम बहुत कम थे। कई घायलों ने इलाज से पहले ही दम तोड़ दिया। घायलों के परिजनों को दवाएं लेने बाहर जाना पड़ा, पर ऐसी विकट स्थिति में भी दुकानदार ज्यादा पैसे ले रहे थे। घायलों की भारी तादाद के कारण ईएनटी व अन्य वार्डो को भी खाली करा दिया गया।
बड़े विस्फोट
19 फरवरी 2007
हरियाणा स्थित दीवाना (समझौता एक्स.) मरे-68
25 अगस्त 2007
हैदराबाद (लुंबिनी पार्क व रेस्त्रां), मरे-44
11 अक्टूबर 2007
स्थान-अजमेर शरीफ, मरे-2
25 अगस्त 2005
मुंबई (कार) मरे-46
28 जुलाई 2005
जौनपुर (श्रमजीवी एक्सप्रेस) मरे-21
1 अक्टूबर 2001
जम्मू-कश्मीर (विधानसभा कांप्लेक्स) मरे-38