जालंधर. अमृतसर-जय नगर फ्लाइंग मेल के साथ जोड़े गए स्पैशल कोच को अंबाला डिवीजन के अधिकारियों ने सील कर दिया है। जांच के बाद ही कोच दिल्ली भेजा जाएगा। कोच फिरोजपुर डिवीजन के सीनियर डीएमई का है, जिनका दो महीना पहले ही दिल्ली हैडक्वार्टर तबादला कर दिया गया था और कुछ दिन पहले ही उन्होंने चार्ज संभाला है। जिस वक्त अंबाला डिवीजन के अधिकारियों ने कोच में छापा मारा वह अंदर मौजूद नहीं थे। कोच में सफर कर रहे तीन कर्मी का नाम-पता अधिकारियों ने गुप्त रखा है।
मंगलवार को फ्लाइंग मेल के पीछे लगाए स्पैशल कोच (10751) से स्पैशल टीम ने लाखों के रेलवे पार्ट्स बरामद किए थे। माल को फिरोजपुर से जम्मूतवी के लिए बुक किया गया था, लेकिन जालंधर सिटी रेलवे स्टेशन पर लाखों के माल को स्पैशल कोच में लोड कर दिया गया। कोच दिल्ली में मौजूद मकैनिकल अधिकारी के नाम से बुक था, जो पहले फिरोजपुर रेल मंडल में तैनात था।
कोच को जालंधर स्टेशन के प्लेटफार्म-2 पर जोड़ा गया था, जबकि इस स्पैशल कोच को फिरोजपुर से जालंधर स्टेशन पर 12 मई को लागा गया था। अंबाला डिवीजन के अधिकारियों का कहना है कि मामले में उच्चधिकारियों की मिलीभगत है, जिसका लिंक जालंधर रेलवे स्टेशन पर है क्योंकि अधिकारियों की मिलीभगत से सारे माल को स्पैशल कोच में लोड किया गया।
दिल्ली टीम ने सीडीओ आफिस में की छापामारी
दिल्ली की स्पैशल टीम ने बुधवार को जालंधर रेलवे के सीडीओ आफिस में छापामारी की। सदस्यों ने कागजों की छानबीन कर जानकारी जुटाई की रेलवे के पार्ट्स स्पैशल कोच में किसके आदेशों पर डाले गए।
स्पैशल टीम में चार सदस्य शामिल थे। उन्होंने केवल यह स्वीकार किया कि वह फ्लाइंग मामले की जांच करने दिल्ली से आए हैं, क्योंकि उन्हें उच्चधिकारियों के आदेश मिले हैं कि बिना किसी से कोई बात किए मामले की जांच करनी हैं।
आरसीएफ से निकला था माल : फ्लाइंग मेल के साथ जोडे गए स्पैशल कोच में लोड माल रेल कोच फैक्ट्री कपूरथला से निकला था। इससे साबित होता है कि इस मामले में रेल कोच फैक्ट्री की अधिकारी मिले हुए हैं।