मुंबई.
करीब छह साल पहले मुकेश अंबानी से कारोबार अलग कर लेने के बावजूद अनिल अंबानी अक्सर खबरों में दिखाई देते हैं। कभी अमिताभ बच्चन के साथ मंदिर की यात्रा करते हैं और कभी अमर सिंह के साथ। कभी राज्य सभा में पहुंच जाते हैं और कभी दस जनपथ पर। उद्योग से जुड़े सूत्र अनिल अंबानी को फाइनेंशियल जीनियस मानता है, जिसे आंकडों पर महारत है।
फोब्र्स ने अनिल को दुनिया का छठा सबसे अमीर आदमी करार दिया है, जिसके पास 42 अरब डॉलर की दौलत है। जब 2002 में धीरूभाई अंबानी का निधन हुआ तो भाइयों में चला सात माह का संघर्ष अखबारों की सुर्खियों में रहा। एक औद्योगिक घराने का नाटकीय विभाजन हर किसी की जबान पर था। मां कोकिलाबेन को भावुक मध्यस्थता करनी पड़ी। मुंबई में 1959 में जन्मे अनिल अंबानी ने व्हार्टन से एमबीए किया है। पिता के समय से ही अनिल ने मार्केटिंग व फंडिंग की कमान संभाल ली थी।
एमटीएन की सौदेबाजी उनके लिए इसलिए भी बड़ी चुनौती है क्योंकि अब उनके आसपास न पिता हैं और न ही रणनीतिकार भाई। अनिल अंबानी ने 2005 के बाद तेजी से विस्तार किया है। जिस कंपनी का मार्केट कैप 5 अरब डॉलर होता था, उसे 75 अरब डॉलर पर पहुंचा दिया। रिलायंस पावर का देश में अब तक सबसे बड़ा पब्लिक इश्यू लाए, जिस पर उन्हें कुछ महीनों में ही बोनस घोषित करना पड़ा।
हालीवुड के सितारों के साथ फिल्म निर्माण की घोषणाएं और मनोरंजन में महत्वाकांक्षा साहसिक कदम हैं। अनिल और मुकेश एक ही मकान के दो हिस्सों में रहने के बावजूद शायद ही कभी मिल पाते हैं। उनके कामकाज का समय अलग-अलग होता है। जहां अनिल सुबह 9.30 पर काम शुरू कर देते हैं, वहीं मुकेश दोपहर में काम शुरू करते हैं और देर रात तक करते रहते हैं। मैरीन ड्राइव पर सप्ताह में सौ किमी की दौड़ लगाने वाले अनिल अंबानी पूजा पाठ करने वाले शख्स हैं।