न्यूयार्क. बढ़ती मुद्रास्फीति और घटती विकास दर ने भारत को दुनिया में फोब्र्स की बिजनेस करने लायक देशों की रैंकिंग में 13 स्थान नीचे धकेल दिया है। भारत इस लिस्ट में 64वें स्थान पर आ गया है जबकि पहले वह 51वें स्थान पर था। इसमें सरकार और लेफ्ट के मतभेद भी जिम्मेदार हैं। चीन भी पिछले साल के मुकाबले दो स्थान नीचे खिसका है।
फोर्ब्स का कहना है कि भारत और चीन में राजनीतिक अस्थिरता लोगों की आजादी में बाधक बन रही है। खाद्य पदार्थ और अन्य चीजों के दाम बढ़ने के साथ ही उद्यमियों का भार भी बढ़ गया है। भारत सरकार ने विदेशी व्यापार और निवेश से कुछ नियंत्रण घटाए हैं लेकिन अब भी विदेशी निवेश के मार्ग में कई बाधाएं हैं। सरकारी उद्योगों के प्राइवेटाइजेशन की प्रक्रिया बंद पड़ी है।
डेनमार्क पहले नंबर पर
फोब्र्स की लिस्ट में डेनमार्क पहले नंबर पर है। वह पिछले साल के मुकाबले तीन पायदान ऊपर चढ़ा है। दूसरे नंबर पर आयरलैंड और तीसरे नंबर पर फिनलैंड हैं। फिनलैंड की कुल आबादी 50 लाख है। अमेरिका एक स्थान खिसककर चौथे स्थान पर आ गया है जबकि ब्रिटेन ने अपना पांचवां स्थान बरकरार रखा है।
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