बीकानेर.
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने सिंचित क्षेत्र विकास विभाग के दो कनिष्ठ अभियंताओं को ठेकेदार से रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
ब्यूरो के एएसपी राजेन्द्र कुमार ने बताया कि रामपुरा बस्ती निवासी परिवादी जगदीश प्रसाद ने शिकायत की थी कि वह सिंचित क्षेत्र विकास विभाग में ठेकेदार है। उसने बीकानेर में सीएडी व उपनिवेशन कार्यालय तथा हनुमानगढ़ में सीएडी के अतिरिक्त मुख्य अभियंता कार्यालय के भवनों की मरम्मत का काम किया था।
मार्च, 08 में उसने सीएडी विभाग से करीब 54 हजार रुपए का भुगतान भी उठा लिया था लेकिन जेईएन ओ. पी. गर्ग व ए. ए. खान ने उसकी एसडी राशि (सुरक्षा राशि) के 6400 रुपए रोक लिए। यह राशि देने के बदले गर्ग ने 2000 रुपए और खान ने 800 रुपए की रिश्वत मांगी।
ब्यूरो ने शिकायत का सत्यापन करवाया। शुक्रवार को ठेकेदार जगदीश रिश्वत की राशि लेकर आठ नंबर कोठी में सीएडी कार्यालय पहुंचा जहां जेईएन गर्ग ने 2000 रुपए व खान ने 800 रुपए की रिश्वत ले ली। ब्यूरो की टीम ने दोनों जेईएन को दबोच लिया और रिश्वत की राशि बरामद कर ली। दोनों के हाथ धुलवाए तो गुलाबी रंग आ गया।
बाथरूम में छिपा दी थी रिश्वत की राशि
जेईएन ए. ए. खान ने परिवादी जगदीश प्रसाद से रिश्वत के 800 रुपए तो ले लिए लेकिन ब्यूरो के पुलिसकर्मियों को देखकर उसने रिश्वत की राशि कार्यालय के बाथरूम में छिपा दी थी।
ब्यूरो को गर्ग की जेब से तो 2000 रुपए मिल गए लेकिन खान से राशि नहीं मिली। ब्यूरो के अधिकारियों ने खान का कमरा व आसपास का क्षेत्र छान मारा। कमरे में बनी खिड़की से रुपए नीचे फेंकने की आशंका को देखते हुए वहां बनी झाड़ियों में भी खोजबीन की। ब्यूरो के अधिकारी मशक्कत करते रहे लेकिन खान ने रिश्वत की राशि के बारे में कुछ भी नहीं बताया। आखिरकार ब्यूरो के कर्मचारियों ने बाथरूम के रोशनदान को संभाला तो वहां पड़े पत्थर के नीचे से 800 रुपए बरामद हो गए।
कार्यालय परिसर से अधिकारी-कर्मचारी गायब
एसीबी की कार्रवाई की खबर सुनकर सीएडी के अधिकांश अधिकारी-कर्मचारी अपनी सीटों से गायब हो गए। लंच का समय बीत जाने के बाद भी वे लोग अपनी सीट पर नहीं पहुंचे। कार्यालय में फोन की घंटी बज रही थी जिसे उठाने वाला भी कोई नहीं था। ब्यूरो के पुलिसकर्मी ही फोन पर जवाब दे रहे थे। अगर आकस्मिक चैकिंग की जाती तो अधिकांश अधिकारी-कर्मचारी नदारद ही मिलते। ब्यूरो के अधिकारियों ने इस संबंध में विभाग के अधिकारियों को जानकारी भी दी थी।
ब्यूरो की टीम
एएसपी राजेन्द्र कुमार,डीवाईएसपी धर्माराम,वरिष्ठ लिपिक मुरलीधर,कांस्टेबल भोपालसिंह, हनुमानसिंह, मानसिंह,रामावतार,प्रेमचंद व लक्ष्मणसिंह