जोधपुर.
हर प्रतिभागी की नजर मारवाड़ की आवाज के ताज पर टिकी थी, हर कोई इधर-उधर रियाज करने में मशगूल था, सभी के जहन में एक ही सवाल- कौन बनेगा मारवाड़ की आवाज। सुरों के बीच जंग का कुछ ऐसा ही नजारा शनिवार को मरकरी एंटरटेंमेंट की ओर से आयोजित किए गए मेगा सिंगिंग इवेंट कंपीटिशन मारवाड़ की आवाज के फाइनल मुकाबला टाउन हॉल में देखने को मिला।
दसों प्रतिभागियों को मारवाड़ रॉयल्स और मारवाड़ चैलेंजर्स दो ग्रुप में बांटा गया। मारवाड़ की आवाज बनने से पहले प्रतिभागियों के बीच कुल तीन राउंड हुए। फस्र्ट राउंड में परफोमेरंस देने आए अक्षय सुराणा ने सूरज कहूं या चंदा... गाना सुनाकर अपनी प्रस्तुति दी। नीता नायर ने मेरे ढोलना.. गाना गाकर जजेज का ध्यान अपनी ओर खींचने की कोशिश की। चेहरे पर घबराहट लिए आई दिव्यानी बोहरा ने दिल चीज क्या है.. गाकर अपने सुर के जादू बिखेरे।
मूमल सैन ने आर्केस्ट्रा पार्टी के संगीत पर पिया बिना बाजे.. पेशकर सभी को यह गाना गुनगुनाने पर मजबूर कर दिया। वहीं सैकंड सेशन में हुए फिल्मी गाने राउंड में अक्षय सुराणा ने तुझे देख-देख सोना.. पर लयबद्ध आवाज से दर्शकों को अपना दीवाना बना दिया। शशिकांत ने तेनू लेके मैं.. गाना गाकर हर प्रतिभागी को सोचने के लिए मजबूर कर दिया। रीतिका पांडे ने तारे हैं बाराती.. सुनाकर परफोमेर्ंस करने वाले सभी प्रतिभागियों को खुला चैलेंज किया। मुख्य अतिथि विधायक सूर्यकांता व्यास थीं, अध्यक्षता हाइकोर्ट जज गोपाल कृष्ण व्यास ने की व विशिष्ठ अतिथि संगीत नाटक अकादमी के अध्यक्ष मदन मोहन माथुर थे।
सब को थी जीतने की उम्मीद
नॉन फिल्मी वाले तीसरे आखिरी राउंड में पांचों प्रतिभागियों के चेहरे पर घबराहट साफ झलक रही थी। अंतिम राउंड की पहली प्रस्तुति देने आए नीलम सिंह के तुझे लागे ना नजरिया.. पोप गाने पर ऑडियंस झूमने लगी।
रीतिका पांडे ने तेज म्यूजिक पर दमादम मस्त कलंदर सुनाकर विनर की दहलीज पर अपनी दस्तक दी। इस अवसर पर जजेज के रूप में ओपी व्यास, अनुराधा आडवानी और मुकुल श्री सागर उपस्थित थे। इस कार्यक्रम के मीडिया पार्टनर दैनिक भास्कर और रेडियो पार्टनर 94.3 माई एफएम दिल से थे। सह प्रायोजक के रूप में संजय स्टूडियो विजडम स्कूल, इंटरफेस मैनेजमेंट एचआर, योगेश कंप्यूटर, केजीआई डिफनिंग टेक्नोलॉजी, नागदेव साउंड और रजत मोबाइल गैलेरी थे।