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सात ऑफिसों के ताले टूटे

कोटा. गुमानपुरा स्थित दीपश्री कॉम्प्लेक्स में शनिवार की रात चोरों ने 25 में से 7 कार्यालयों के ताले तोड़कर नकदी चुराई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज लिया है। फरार वॉचमैन की तलाश की जा रही है।

चोरी का पता रविवार सुबह सबसे पहले ग्रेन मर्चेन्ट नरेन्द्र कुमार को उस समय लगा जब वह दुकान पर पहुंचे। दुकान के ताले खोलने के लिए नीचे झुके तो ताले टूटे हुए मिले। उन्होंने गुमानपुरा पुलिस को सूचना दी।

पुलिस मौके पर पहुंचती, इससे पहले ही पड़ौसी व्यापारी मोबाइल डीलर अशोक गर्ग अपनी दुकान पर पहुंचा। उसकी दुकान के भी ताले टूटे हुए थे। उसने यह बात नरेन्द्र कुमार तो बताई। दो दुकानों में वारदात देख उन्होंने पूरी बिल्डिंग चैक की तो होश उड़ गए। सात दुकानों शेयर ब्रोकर अजय चतुर्वेदी के मंगल केश एंड सिक्युरिटी ऑफिस, सीए नीरज वर्मा के ऑफिस, आर्किटेक्चर मुनव्वर खान के ऑफिस, दीवान हाउसिंग के ऑफिस, प्रीतम गोस्वामी की दुकान के ताले टूटे मिले।

नरेन्द्र व अशोक गर्ग ने सभी ऑफिस व दुकान मालिकों को सूचना देकर कॉम्प्लैक्स में बुला लिया। गुमानपुरा सीआई चंदनसिंह भी मौके पर पहुंच गए। सभी ने अपने-अपने कार्यालय संभाले और पुलिस ने मौका मुआयना किया। वहां हंगामे की स्थित बन गई। पुलिस ने पीड़ित व्यापारियों की तरफ से अज्ञात चोर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।

कहां से क्या गया
सीए नीरज वर्मा के यहां से 2500 रुपए, आर्किटेक्चर मुनव्वर खान के यहां से 25000, नरेन्द्र कुमार के यहां से 57 हजार रुपए, आइडिया डीलर के यहां से 35 हजार रुपए, दीवान हाउसिंग से कैमरा, सीए प्रीतम गोस्वामी के यहां से 25000 की चोरी गई। शेयर ब्रोकर के ऑफिस से चोरों ने पूरा ऑफिस खंगाल डाला लेकिन, नकदी के बजाय चैक मिले जिन्हें चोर वहीं फेंक गया।

वॉचमैन पर शक
शेयर ब्रोकर अजय चतुर्वेदी ने बताया कि कॉम्प्लैक्स में चौकीदारी के लिए नेपाली वॉचमैन भरतलाल को रख रखा है, जो दिन में भी वहां आता है। कई व्यापारी उससे दिन में भी बाजार आदि का काम कराते थे। वारदात के बाद वॉचमैन गायब है। उसे हर ऑफिस व दुकान की पूरी जानकारी थी। वॉचमैन ने शनिवार को ही कई ऑफिसों से रुपए मांगे थे, गांव भिजवाने के लिए। जिससे शक है कि वारदात में उसका हाथ हो सकता है। पुलिस भी उसकी तलाश कर रही है।

कीमती सामान नहीं ले गए
चोर की नजर केवल नकदी पर थी। उसे पता था कि किन-किन ऑफिसों में नकदी रहती है। उसने उन्हीं ऑफिसों को निशाना बनाया। ऑफिसों में लैपटॉप, कम्प्यूटर के अलावा अन्य कीमती सामान भी रखा था लेकिन, चोर ने किसी को हाथ नहीं लगाया केवल नकदी तलाशी। कॉम्प्लैक्स में दो मोबाइल शॉप भी है, लेकिन चोर वहां भी नहीं गया।





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