लंदन भारत का सबसे धनी धीरूभाई अंबानी परिवार आजकल भारत के अलावा पश्चिमी अखबारों में भी सुर्खियां बटोर रहा है। इसकी वजह है धीरूभाई अंबानी के छोटे बेटे अनिल व बड़े मुकेश के बीच चला आ रहा विवाद। पश्चिमी मीडिया इस विवाद की तुलना उपन्यासकार जेफ्री आर्चर के रोमांचक किस्से-कहानियों से कर रहा है।
मजे की बात यह है कि इस झगड़े को अनिल अंबानी के एडीए ग्रुप व दक्षिण अफ्रीकी कंपनी एमटीएन के बीच अरबों डालर के संभावित सौदे से ज्यादा अहमियत दी जा रही है।
मित्तल भाइयों के झगड़े से तुलना :
इस विवाद की तुलना स्टील किंग लक्ष्मी निवास मित्तल व उनके भाई प्रमोद मित्तल के घरेलू झगड़ों से की जा रही है।
एक्सक्लूसिविटी एग्रीमेंट :जैसे-जैसे एडीए समूह की रिलायंस कम्युनिकेशन (आरकाम) व एमटीएन के बीच विलय को लेकर एक्सक्लूसिविटी एग्रीमेंट की मियाद पूरी हो रही है, एक के बाद एक ब्रिटिश अखबार पूरे प्रकरण को चटखारे ले-लेकर लोगों के सामने परोस रहे हैं। पश्चिमी मीडिया इसे विश्व के सर्वाधिक धनी भाइयों के बीच व्यावसायिक युद्ध के रूप में प्रचारित कर रहा है।
कब भड़का झगड़ा :
वैसे तो दोनो के बीच विवाद की कहानी काफी पुरानी है। हाल में एमटीएन सौदे को लेकर दोनों भाई एक बार फिर आमने-सामने आ गए हैं।
मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज ने आरकाम पर अपने ‘राइट आफ फस्र्ट रिफ्यूजल’ (पहले इंकार का अधिकार) के संबंध में आरकाम व एमटीएन को लीगल नोटिस भेज