इंदौर. मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने रविवार से प्रदेशभर में हड़ताल पर गए बस ऑपरेटरों की मांगें अगस्त तक पूरी करने का आश्वासन दिया। इसके बाद तीन दिन से चल रही हड़ताल खत्म हो गई और मंगलवार दोपहर 2 बजे से बसें वापस सड़कों पर दौड़ पड़ीं। इससे लोगों की बेबसी खत्म हो गई और रविवार से ही रुके कई लोग तीसरे दिन लौटे।
प्रशासन ने मंगलवार से वैकल्पिक व्यवस्थाएं शुरू करने के साथ सख्ती की तैयारी की थी लेकिन दोपहर बाद 2 बजे से सरवटे, गंगवाल व नौलखा से बस सेवा शुरू हो गई। सरवटे से सबसे पहले चली भोपाल की दो बसें पांच से सात मिनट में ही भर गईं। इसके बाद खंडवा, खरगोन, उज्जैन सहित अन्य रूट पर बसें शुरू हुई।
गंगवाल से धार-झाबुआ, नौलखा से हाटपीपल्या, हरदा, होशंगाबाद सहित सभी रूटों पर बसों का संचालन बहाल हो गया। शाम साढ़े चार बजे आरटीओ गिरीशमोहन पाठक सरवटे बस स्टैंड पहुंचे तब तक यातायात सामान्य हो गया था।
फिर गंगवाल बस स्टैंड पहुंचे तो कई बसों के ड्राइवर-कंडक्टर आराम करते मिले। टैंड प्रबंधक दिनेश पटेल के अनुसार दोपहर में सूरत और इसके बाद पुणो के लिए बसें चलीं। गंगवाल बस स्टैंड से भी अंतरप्रांतीय बसों का संचालन शुरू हो गया।
तीन दौर के बाद : सोमवार रात से लेकर मंगलवार दोपहर तक तीन दौर की बात के बाद बस हड़ताल खत्म हुई। सोमवार देर रात को प्रदेशभर के बस यूनियन के पदाधिकारियों का प्रतिनिधिमंडल परिवहन मंत्री हिम्मत कोठारी से मिला।
मंगलवार सुबह फिर श्री कोठारी से मुलाकात की तो उन्होंने जल्द मांग पूरी करने की बात कही। दोपहर में प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान से मिला तो उन्होंने अगस्त तक मांगें पूरी करने का आश्वासन दिया।
अनुबंधित बस ऑनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष श्यामसुंदर शर्मा, अनुबंधित बस एसोसिएशन संघर्ष समिति के अध्यक्ष गोविंद शर्मा ने कहा मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद प्रदेशभर में हड़ताल खत्म कर दी गई।
वहीं मध्यप्रदेश बस ऑपरेटर्स एसोसिएशन के महामंत्री आबिद सिद्दीकी ने कहा 1 अगस्त तक मांगें पूरी होने की बात मुख्यमंत्री द्वारा कही गई है। मांगें पूरी नहीं हुईं तो 1 अगस्त से हड़ताल पर जाएंगे।
20 फीसदी किराया बढ़ाने का भरोसा दिया
भोपाल.
किराए में बढ़ोतरी के मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद बसों की हड़ताल समाप्त हुई। बस ऑपरेटरों ने बताया मुख्यमंत्री 20 प्रतिशत बढ़ोतरी पर सहमत हुए।