हिसार. अब वो दिन लद गए जब डॉक्टर बनने के लिए छात्र-छात्राओं की लंबी लाइनें लगती थीं। शहर के विभिन्न कॉलेजों में प्राप्त आवेदनों के आंकड़े खंगाले तो कई जगह तो मेडिकल क्लासिज खाली की खाली ही नजर आएगी। लगभग ऐसी ही स्थिति नॉन मेडिकल (इंजीनियरिंग) की है। कम आवेदन आने की स्थिति में कुछ कॉलेजों में इस स्ट्रीम की कक्षाएं भी खाली रहने के आसार नजर आ रहे हैं।
एडमिशन की प्रतिस्पर्धा संबंधित कॉलेज की प्रतिष्ठा पर भी टिकी हुई हैं क्योंकि आर्ट्स स्ट्रीम को ही लें तो आदमपुर के फिरोजशाह गांधी राजकीय महाविद्यालय में तो निर्धारित सीटों के बराबर भी आवेदन नहीं मिले, जबकि हिसार के राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में इसी स्ट्रीम में निर्धारित सीटों से तीन गुणा अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं।
राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में बीएससी मेडिकल की कुल 160 सीटें है जबकि आवेदन महज 80 ही प्राप्त हुए। यानी वर्तमान स्थिति में 80 सीटें खाली ही रहेंगी। इस कॉलेज में नॉन मेडिकल की स्थिति बेहतर है।
जाट कॉलेज में बीएससी की कुल 480 सीटें है जिनमें एडमिशन के लिए महज 295 आवेदन प्राप्त हुए हैं। दयानंद कॉलेज में बीएससी मेडिकल की 80 सीटों के मुकाबले केवल 40 आवेदन जमा कराए गए। आदमपुर के फिरोजशाह गांधी राजकीय महाविद्यालय में बैचलर ऑफ साइंस की 60सीटों के लिए केवल 20 आवेदन मिले।
यहां नहीं एडमिशन की मारा-मारी
आवेदन के बाद अधिकतर छात्र-छात्राओं में अपने पसंदीदा कॉलेज व विषय में एडमिशन पाने को लेकर मारामारी मची हुई हैं किंतु विभिन्न कॉलेजों में ऐसे भी कई कोर्स हैं। जिनमें प्राप्त आवेदनों की संख्या निर्धारित सीटों से भी कम है। जाट कॉलेज में बैचलर ऑफ टूरिज्म मैनेजमेंट 60 सीटें हैं और इनके मुकाबले महज 52 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
इसी कॉलेज में बीएससी बायोटेक्नोलॉजी की 140 सीटों के लिए 85 आवेदन और हिंदी विषय में मास्टर डिग्री के लिए निर्धारित 50 सीटों के मुकाबले 38 आवेदन जमा कराए गए। दयानंद कॉलेज में बीएससी इलेक्ट्रॉनिक्स की 80 सीटों के लिए 23 आवेदन और इसी कॉलेज में बीएमसी मॉस कम्युनिकेशन की 60 सीटों के लिए महज 15 आवेदन प्राप्त हुए।
हांसी में भी स्थिति नहीं जुदा
हांसी के नेहरू मैमोरियल कॉलेज में बैचलर ऑफ कॉमर्स की 160 सीटों के मुकाबले 135 आवेदन मिले। हांसी के एसडी वुमेन कॉलेज में बैचलर ऑफ कॉमर्स की 160 सीटों के लिए 83 आवेदन और इसी कॉलेज के बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिस्ट्रेशन की 40 सीटों के लिए केवल 10 आवेदन प्राप्त हुए हैं।