जोधपुर.
रेगिस्तान के धोरों से अपनी गायकी का जादू सात समंदर पार पहुंचाने के बाद बाड़मेर का अनवर खान अब केतन मेहता की आने वाली फिल्म कलर ऑफ फैशन में अपने सूफी कलाम सुनाते नजर आएंगे। हालही में यह गाना बाड़मेर में रेतीले टीलों पर फिल्माया गया। इसमें अनवर के साथ मशहुर गायक कैलाश खेर ने सूफी गायकी में अपनी दिलकश अदाओं से फिल्म में नए रंग भरे।
हिंदी गानों की धूम के बाद अब सूफी कलाम भी बॉलीवुड में अपना अलग ही रंग जमा चुका हैं। भले ही इससे पहले सूफी गायकी को पाकिस्तान के स्वर्गीय नुसरत फतेह अली खान ने अलग ही मिजाज को पेश किया हो लेकिन इन दिनों कई हिंदी फिल्मों में यहां का सूफी कलाम सुनने को मिलेगा।
रेशमा और शेरा, रूदाली और पहेली के बाद अब केतन मेहता की आने वाली हिंदी फिल्म कलर ऑफ फैशन में धोरों की फिजां महकेगी। इस फिल्म में बाड़मेर के अनवर खान ने सूफी गायकी का जादू बिखेरकर केतन मेहता के साथ पूरी यूनिट का दिल जीत लिया। मारवाड़ में सुरीली आवाज का जादू बिखेरने वाली सूफियाना गायकी अब बॉलीवुड में अलग ही मिजाज पैदा कर दर्शकों का मनोरंजन करेगी।
रोमांटिक सीन पर फिल्माया : बाड़मेर के इंद्रा नगर क्षेत्र में रहने वाले मांगणियार अनवर खान ने बताया कि केतन मेहता के निर्देशन में बन रही फिल्म में हीरो रणदीप हुडा और हीरोइन नंदना सेन हैं। गाने के बोल अनहद नाद जगादे-जगादे मेरे मन के चोर.. को रोमांटिक सीन पर फिल्माया है।
विदेशों में भी धूम मचाई : अनवर खान का कहना है कि अब सूफीयाना कलाम ने फिल्मी इंडस्ट्री का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। आने वाले समय में इस फिल्म के अलावा और भी नामी डायरेक्टर फिल्म में सूफी गाना गाने के लिए मुझसे बात कर चुके हैं। सूफीयाना कलाम की ख्याति विदेशों में भी बढ़ी है। पिछले दो-तीन वर्षों में कई बार अमेरिका, जर्मनी, जापान, हॉलैंड और फ्रांस में आयोजित बड़े समारोह में वे मारवाड़ की मौसिकी का जादू बिखेर चुके हैं।