यमुनानगर/छछरौली. वंदना शर्मा के अपहरण मामले में पंचायत द्वारा हुक्का-पानी बंद करने के बाद अल्पसंख्यक परिवारों ने जयधर गांव से पलायन शुरू कर दिया है। तनाव देखते हुए गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।
गांव में अल्पसंख्यक परिवार के करीब 200 घर हैं। अधिकांश घरों के ज्यादातर लोग गांव छोड़कर चले गए हैं। उधर, वंदना द्वारा हाई कोर्ट में दायर याचिका पर यमुनानगर व अंबाला पुलिस को १५ जुलाई को तलब किया है।
बलदेव नगर थाना प्रभारी सूरजभान ने बताया कि वंदना के पति अशोक कुमार ने शिकायत की थी कि ३क् जून को जब वह अपनी पत्नी के साथ अंबाला से लौट रहे थे तो बाबा बड़भागसिंह मोड़ के पास थ्रीव्हीलर सवार कुछ लोगों ने उसका अपहरण कर लिया।
इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने जयधर निवासी इकराम, नाजिर, युनूस खान और प्रवीणा के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। मामले पर बुधवार को गांव में दोनों समुदाय की पंचायत हुई जिसमें नाजिर परिवार का हुक्का-पानी बंद कर दिया। नाजिर का एक बेटा युनूस ११ जून को वंदना को अगवा करने के मामले में जेल में है।
परिजनों के तेवर तीखे-
वहीं, युनूस के बड़े भाई इकराम के खिलाफ अंबाला के बलदेव नगर थाने में वंदना को अगवा करने का मामला 30 जून को दर्ज किया गया है।
कई लोग घर को ताला लगा कर चले गए हैं। जिन लोगों ने प्रशासन की मदद की थी, वे भी घर छोड़ गए हैं। गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस ने इस मामले में अब तक जो कार्रवाई की है, उस रिपोर्ट को १५ जुलाई को हाईकोर्ट में पेश किया जाएगा।
-डा. सीएस राव, एसएसपी, यमुनानगर
पुलिस ने मोबाइल की डिटेल निकाल ली है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर विवाहिता को बरामद किया जाएगा। परिजन धैर्य रख पुलिस का सहयोग करें।
शिवास कविराज, एसपी अंबाला
उन्होंने समुदाय के लोगों को युनूस की रिश्तेदारियों में युवती का पता लगाने के लिए भेजा है। दोनों समुदायों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
-पीर जी हुसैन अहमद, बुडिया मदरसा।