अहमदाबाद.भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) द्वारा शुल्क वृद्धि के बाद अब कैट की परीक्षा फार्म का शुल्क भी विवाद की वजह बन रहा है। दरअसल हाल ही में संस्थान ने कॉमन एडमिशन टैस्ट (कैट) के आवेदन पत्र की फीस बढ़ाकर अपने मुनाफे में 25 करोड़ रुपए जोड़ने की योजना बनाई है, जो कि पिछले साल के मुकाबले सात करोड़ ज्यादा होगा।
कै ट की परीक्षा में इस बार तकरीबन 2.5 लाख विद्याíथयों के भाग लेने की उम्मीद है। इसके प्रत्येक प्रवेश फार्म की कीमत पिछले साल के मुकाबले 200 रूपए बढ़ाकर 1300 रुपए नियत की गई है।इस तरह फार्मो की बिक्री से प्रबंधन संस्थान को 32.5 करोड़ की आवक होगी, जबकि परीक्षा प्रक्रिया पर लगभग 7.5 करोड़ रुपए ही खर्च होंगे।
जानकारों का कहना है कि स्वायत्त संस्थान पर नियंत्रण नहीं होने के कारण वे मनमानी करते हैं। पिछले साल कैट के 2.2 लाख फार्म बेच कर लगभग 24.2 करोड़ रुपए बटोरे गए थे, जबकि परीक्षा प्रक्रिया पर मात्र 6.2 करोड़ रुपए का ही खर्च आया था।