News
International International बगदाद. आतंकवादी संगठन अल कायदा अपनी गतिविधियों में रणनीतिक बदलाव कर रहा है। इराक में अमेरिकी सेना के सर्वोच्च कमांडर जनरल डेविड पेट्रीयस ने कहा कि इस बात के सबूत हैं कि अल कायदा विदेशी लड़ाकों को इराक से हटाकर अफगानिस्तान में भेज रहा है, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि इस बात के पुख्ता संकेत नहीं है कि यह गुट इराक में युद्ध अब पूरी तरह बंद कर देगा।
अल कायदा का उदय अफगानिस्तान में ही हुआ था। अमेरिका के नेतृत्व वाली सेना ने २क्क्१ में तालिबानियों को सत्ता से हटा दिया था। पश्चिम एशिया में जब इराक विवादों का केन्द्र बन गया तो अल कायदा के नेताओं ने अपना ध्यान वहां युद्ध करने में लगा दिया। जनरल डेविड पेट्रीयस ने कहा कि लगता है कि अल कायदा इराक में युद्ध के मामले पर कुछ सोच रहा है।
लेकिन उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, वह इराक को छोड़ने वाले नहीं है। वे ऐसा जरूर कर सकते हैं कि इराक आने वाले अपने कुछ संसाधनों को पाकिस्तान या अफगानिस्तान भेजना शुरू कर दें। उन्होंने कहा कि इस बात के संकेत हैं कि इराक में युद्ध करने के लिए रखे गए अल कायदा के कुछ विदेशी लडाकों को अफगानिस्तान-पाकिस्तान की सीमा पर स्थित अनियंत्रित क्षेत्रों में भेज दिया गया है।
अमेरिका अक्सर पाकिस्तान सीमा से चरमपंथियों के आते रहने पर ¨चता व्यक्त करता रहता है। अमेरिका के रक्षा मंत्री राबर्ट गेट्स ने पिछले दिनों कहा था कि वे सीमा से चरमपंथियों के आने-जाने को रोकने के लिए उपाय निकालने पर विचार कर रहे हैं।