Breaking News 
bhaskar Web English


HomeNewsNational National

प्रधानमंत्री का जवाब और वोटिंग आज

नई दिल्ली.आमतौर पर संयमित रहने वाले प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह सोमवार को विश्वास मत पर यूपीए की सौ फीसदी जीत का दावा करते दिखाई दिए। विदेश मंत्री प्रणब मुखर्जी ने सरकार के पक्ष में पड़ने वाले वोटों की गिनती तक बता दी। तृणमूल कांग्रेस के साथ दस अन्य सांसदों के मंगलवार को विश्वास मत के दौरान अनुपस्थित रहने की उम्मीद से यूपीए के पक्ष में बनी संभावनाओं ने बाजार में भी रौनक ला दी। बीएसई का सेंसेक्स २१४.६४ अंक की बढ़त के साथ १३,८५क्.क्४ पर बंद हुआ प्रधानमंत्री मंगलवार को बहस का जवाब देंगे। इसके बाद वोटिंग होगी।

मनमोहन-आडवाणी में नोक-झोंक :

संसद में विश्वास मत पर बहस के दौरान प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह व विपक्ष के नेता लालकृष्ण आडवाणी में तीखी नोक-झोंक हुई। प्रधानमंत्री ने एक पंक्ति का विश्वास मत प्रस्ताव पेश करते हुए वादा किया कि वे अमेरिका से परमाणु करार के क्रियान्वन से पहले संसद में आएंगे।

प्रणव मुखर्जी ने कहा 276 सांसद :

विदेश मंत्री प्रणव मुखर्जी ने संसद में २७६ सांसदों के यूपीए के पक्ष में मतदान करने का दावा किया। उन्होंने सरकार को गिराने की कोशिश करने के लिए वामदलों को आड़े हाथों लिया तथा भाजपा के साथ मतदान करने के लिए आलोचना की।

सपा-बसपा में भिडं़त :

विश्वास मत पर बहस में पक्ष-विपक्ष ने एक-दूसरे पर राजनीतिक संकट को न्योता देने और देश हित के साथ समझौता करने के आरोप लगाए। बहस के दौरान सपा के सांसद रामगोपाल यादव की एक टिप्पणी से बसपा सांसद भड़क गए और तीखे आरोपों के बीच कार्यवाही भी प्रभावित हुई।

वामपंथियों की तारीफ :

प्रधानमंत्री ने ज्योति बसु और हरकिशन सिंह सुरजीत जैसे वामपंथी नेताओं की ‘बुद्धिमत्ता’ और ‘नेतृत्व’ की प्रशंसा की जिसकी बदौलत उनकी गठबंधन सरकार बन सकी।

प्रधानमंत्री ने इस बात से इनकार किया कि उन्होंने पोखरण -द्वितीय का विरोध किया था। उनके मुताबिक, उन्होंने परीक्षण के बाद भारत पर लगाए गए प्रतिबंधों के कारण तत्कालीन सरकार की आलोचना की थी।

बहुमत का भरोसा :

इसके पहले सिंह ने संसद में प्रवेश से पहले भरोसा जताया कि यूपीए सरकार सदन में बहुमत साबित करने में सफल होगी। इस मौके पर दिए गए संक्षिप्त बयान में उन्होंने भारत-अमेरिकी परमाणु करार की खासियतों का जिक्र नहीं किया।

सरकार आईसीयू में भर्ती मरीज:

नेता प्रतिपक्ष लालकृष्ण आडवाणी ने यूपीए सरकार के खिलाफ हल्ला बोलते हुए उसे अस्पताल के आईसीयू में भर्ती मरीज की तरह बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे में स्वाभाविक है कि यह सवाल पूछा जाए कि क्या यह मरीज बचेगा?

विश्वसनीयता का सवाल:

माकपा के नेता मोहम्मद सलीम ने यूपीए को निशाना बनाते हुए कहा कि सवाल विश्वसनीयता का है। उन्होंने न्यूनतम साझा कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि वामदलों ने यूपीए के साथ न्यूनतम साझा कार्यक्रम पर समझौता किया था, लेकिन कांग्रेस नीत सरकार ने अमेरिका के साथ ऐसा कार्यक्रम बना लिया।

सरकार की मदद का आग्रह:

बदले राजनीतिक हालात में सरकार की मदद के लिए आगे आई समाजवादी पार्टी के नेता रामगोपाल यादव ने सभी विपक्षी दलों से आग्रह किया कि वे या तो विश्वास मत का समर्थन करें अथवा मतदान में गैर हाजिर रहकर प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से सरकार को विश्वास मत हासिल करने में मदद करें।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड:
 

आपके विचार
Prem Chandra Tripathi
Tuesday, 22nd Jul 2008, 2:55
Iam an INDIAN (Professional Engineer NRI)and strongly in favour of the 123, Last time I bound to bent my wife to cast her vote in favour of BJP. Next time!!!! I will apolige her.
D.R. SAHU
Tuesday, 22nd Jul 2008, 10:47
congress government is the very cost government in india ..............
Dhiren kumar pradhan (ori
Tuesday, 22nd Jul 2008, 11:16
Yes manmohan govt vote jarur jitegi 100% jitega me eh bat confident me bata raha hun.
Ad. Rahul Shrivastava
Tuesday, 22nd Jul 2008, 15:22
i am a advocate, and i strongly oppsit in nucelar deal 123 becuse the fact of nucelar deal is oppsite of the country energy programe. we have already know the technology of thoriam & we have 70 % of thoriam all over world so that we intruduced the thoriam energy based nucelar powar plant & india go on self energy program without any help of other country.
SYED MOHD. MUSLIM
Tuesday, 22nd Jul 2008, 17:45
I am totaly against this deal. if anything which come from America's side which is totaly free we as peace loving country should not accept it. Every body who has little sense can understand that this country's policy is to capture or rulle this planet. They will not do any thing without any benefit. This deal in my opinion like a trap which our over excited goverenment is not understanding and there is something hidden wich will ruin our next generation's future. We need energy and without it country can not progress but this should be done by our own scienctist like in other fields they have done. The fuel which they give guarantee could be stopped any time once we start depending on it in the future giving false excuses. So our politicians they should think about this great country's respect.