नई दिल्ली.स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) कार्यकर्ताओं की विभिन्न आतंकी और समाजविरोधी गतिविधियों में संलिप्तता के ताजा सबूतों के साथ केंद्रीय गृह मंत्रालय ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर किया है।
इस हलफनामे में गुजरात, राजस्थान और महाराष्ट्र की पुलिस व अन्य एजेंसियों द्वारा बम विस्फोटों और अन्य आतंकी वारदातों की अब तक की जांच में मिले सबूत पेश किए गए हैं। हलफनामे में गृह मंत्रालय ने इन सबूतों के आधार पर सिमी पर प्रतिबंध को न्यायोचित ठहराया है।
गौरतलब है कि जस्टिस गीता मित्तल की अध्यक्षता वाली दिल्ली हाईकोर्ट की ट्रिब्यूनल ने पांच अगस्त को अपने फैसले में सिमी पर पाबंदी हटाने के निर्देश दिए थे। केंद्र सरकार ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर की थी। शीर्ष कोर्ट ने छह अगस्त को ट्रिब्यूनल के आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी थी। सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई 25 अगस्त को होनी है।