इंदौर. आठ साल पहले सांई कृपा कॉलोनी में रहने वाले बैंककर्मी अभय नाफड़े की पत्नी प्रतिभा की घर में घुसकर हत्या करने वाले आरोपी सचिन राय को कोर्ट ने उम्रकैद की सजा से दंडित किया है। हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद वह छह साल से फरार था।
घटना 18 जनवरी 2000 की है। प्रतिभा उर्फ अदिति अपनी पांच वर्षीय बेटी आयुषी के साथ दोपहर को घर पर थी। तभी एक अज्ञात व्यक्ति ने दरवाजा खटखटाया। प्रतिभा ने दरवाजा खोला तो वह बुरी नीयत से घर में घुसा। प्रतिभा ने विरोध किया तो उसने आयुषी के सामने ही धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी। फिर खून से सने हाथ बाथरूम में धोकर भाग निकला।
इस अंधे कत्ल को लेकर पुलिस लंबे समय तक उलझन में रही। कुछ महीने बाद खजराना क्षेत्र में एक घर में डिस्क वायर सुधारने के बहाने घुसे युवक ने फिर महिला से जबर्दस्ती की कोशिश की। महिला के चिल्लाने के बाद वह भाग निकला लेकिन झूमाझटकी में उसकी डायरी गिरी जो पुलिस ने जब्त की। उसमें उसका नाम सचिन उर्फ संजय शर्मा पिता कैलाशचंद्र राय निवासी विनोबानगर लिखा हुआ था। इस आधार पर एएसआई राजेंद्रसिंह चौहान व आरक्षक राजेंद्रसिंह रघुवंशी ने उसे मशक्कत के बाद एक स्थान से गिरफ्तार किया तो उसने हत्या कबूली।
उसने यह भी कबूला था कि डॉली नामक एक युवती ने उसे प्रेम में धोखा दिया था इसलिए तब उसके मन में महिलाओं के प्रति नफरत थी। इसके चलते वह महिलाओं को निशाना बनाता था। डेढ़ साल तक निचली कोर्ट ने उसे जमानत नहीं दी। फिर हाईकोर्ट ने उसे 15 दिन के लिए पैरोल पर जाने की अनुमति दी। इसके बाद से ही वह फरार था। इन छह सालों में उसका कोई सुराग नहीं लगा।
कुछ महीने पहले भोपाल पुलिस ने उसे चेकिंग के दौरान पकड़ा तो उससे एक कट्टा बरामद हुआ था। उसने कुछ वारदातें भी कबूलीं। उप संचालक अभियोजन रतनसिंह राठौर ने बताया कि ग्यारहवें अपर सत्र न्यायाधीश पी.के. गोधा ने उसे हत्या का दोषी पाते हुए उम्रकैद तथा पांच सौ रु. के अर्थदंड से तथा अन्य धारा में सात साल के सश्रम कारावास की सजा व 500 रु. के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड नहीं देने पर एक-एक साल अतिरिक्त भुगतना पड़ेगा। शासन की ओर से पैरवी अभिभाषक हेमंत मुंगी ने की।