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Madhya Pradesh
Gwalior Gwalior ग्वालियर.
केन्द्र सरकार की आर्थिक नीतियों के विरोध में सीटू व एटक के राष्ट्रव्यापी आंदोलन के तहत बुधवार को ग्वालियर बंद सफल रहा। बंद कराने के लिए लाठी-डंडों का प्रयोग दो-चार स्थानों पर ही देखने को मिला।
ऑटो-टेम्पो व बसों के पहिए थमे रहे। शैक्षणिक संस्थान बंद रहे। बैंक, बीमा व केन्द्रीय कार्यालयों में हड़ताल रही जबकि राज्य कर्मचारियों ने कामकाज बंद रखते हुए धरना-प्रदर्शन के बाद प्रधानमंत्री व प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। उपद्रव की स्थिति से निपटने के लिए पुलिस मुस्तैद रही लेकिन कुछएक स्थानों को छोड़कर पुलिस को मशक्कत नहीं करना पड़ी।
सीटू, एटक व संबंधित ट्रेड यूनियनों के कार्यकर्ता अलग-अलग जत्थों में लश्कर, मुरार व उपनगर ग्वालियर के बाजारों में घूमे। जिन दुकानदारों ने आधे-अधूरे शटर खोल रखे थे, जत्थों को देख बंद कर दिए। ऑटो, टेम्पो चालकों, बस संचालकों ने वाहन नहीं चलाए, इस कारण सवारियों को परेशानी उठानी पड़ी। हाथ ठेला यूनियन के बंद में शामिल होने से फल व सब्जी कारोबार भी बंद रहा।
पेट्रोल पंप बंद रहने से वे वाहन चालक परेशान रहे जिन्होंने पेट्रोल का स्टाक नहीं किया था। पेट्रोल खत्म होने से कुछ वाहन चालकों को वाहन खींचते देखा गया। उधर, भारतीय स्टेट बैंक व निजी बैंकों को छोड़कर राष्ट्रीयकृत बैंकों, बीमा व केन्द्रीय कार्यालयों में कामकाज नहीं हुआ। शहर के एटीएम खुले रहे, जहां लम्बी कतारें देखने को मिलीं। सिनेमाघरों में प्रारंभ के दो शो का संचालन नहीं हुआ।