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International International न्यूयॉर्क.
अमेरिका में डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर से राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार तथा सीनेटर बराक ओबामा ने गुरुवार को अपना ऐतिहासिक चुनाव अभियान शुरू करते हुए राष्ट्रपति जार्ज डब्ल्यू बुश की आर्थिक और विदेश नीति से उबरने का आह्वान किया है।
ओबामा ने डेनवर में पार्टी के राष्ट्रीय अधिवेशन में करीब 84,000 लोगों की मौजूदगी में अगले आम चुनाव के लिए राष्ट्रपति पद की उम्मीदवारी स्वीकारी। इसके साथ ही वे ऐसे पहले अफ्रीकी-अमेरिकी हो गए हैं, जिन्हें किसी बड़े अमेरिकी दल ने नामांकित किया है।
विफलता से उबरें : अपने भाषण में पिछले आठ सालों से जारी बुश की आर्थिक और विदेश नीति की विफलताओं से उबरने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि रिपब्लिकन उम्मीदवार जॉन मैक्केन को वोट देने का मतलब राष्ट्रपति बुश को तीसरा कार्यकाल सौंपना होगा।
करों में कटौती की पेशकश : अपनी खास नीतियों का खुलासा करते हुए ओबामा ने वैकल्पिक ईंधन की व्यवस्था के लिए अगले दशक में 150 अरब डॉलर खर्च करने का वादा भी किया।
भारत के लिए चिंता : हालांकि भारत के लिए यह चिंता की बात हो सकती है कि ओबामा ने अमेरिका में बेरोजगारी तथा सस्ते देशों को ज्यादा आउटसर्ो्िसग करने के मुद्दे को छेड़ा। उन्होंने कहा कि वे आउटसोर्सिग में लगी अमेरिकी कंपनियों को दिए जाने वाले कर लाभ बंद कर देंगे।
इराक नहीं, अफगानिस्तान है असली खतरा : डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार बराक ओबामा ने राष्ट्रपति जार्ज डब्ल्यू बुश के आतंकवाद के खिलाफ युद्ध को कलंक करार दिया। अपने भाषण में उन्होंने कहा, ‘अमेरिका इराक में उलझा हुआ है, लेकिन अमेरिकी हितों को वास्तविक खतरा अफगानिस्तान में है।’