इंदौर. शनिवार दोपहर जावरा कंपाउंड में एक कॉटन ब्रोकर को पेट में गोली मारकर 6.80 लाख रु. लूट लिए गए। वारदात बाइक से आए तीन बदमाशों ने की। ब्रोकर को अस्पताल ले गए जहां ढाई घंटे चले ऑपरेशन के बाद भी गोली नहीं निकाली जा सकी। हालत गंभीर है।
बांगड़दा रोड, सांवरियानगर निवासी संजय उर्फ सोनू पिता वल्लभ गुप्ता (29) शनिवार दोपहर मसाला व्यापारी पवन पिता मांगीलाल गुप्ता के साथ आईसीआईसीआई बैंक, मालव परिसर एबी रोड पहुंचे। वहां 6.80 लाख रु. निकाले और थैले में भरे।
यह पेमेंट अंजड़ के व्यापारी सुनील पाटीदार को देना था। उनका फोन नहीं लगा तो संजय ने उनके ब्रोकर सुनील बजाज को कहा उन्हें भुगतान लेने जावरा कंपाउंड भेज दें। करीब 3.30 बजे संजय व पवन रु. लेकर बीजेपी कार्यालय के पीछे की गली में व्यापारी अभय जैन के दफ्तर के सामने पहुंचे। वहीं से सुनील को फिर फोन लगाकर इंतजार करने लगे।
करीब पंद्रह मिनट बाद सामने से एक बाइक पर तीन युवक पहुंचे और बाइक सटाकर खड़ी कर दी। संजय कुछ समझ पाते उससे पहले ही पीछे बैठे युवक ने उसके पेट में गोली मार दी। बचाव के लिए संजय व पवन वहां से भागे।
कुछ दूर जाकर पलटे तो देखा बदमाश रुपए का थैला लेकर निकल गए। फिर संजय पेट पकड़कर सड़क किनारे बैठ गए और भीड़ जमा हो गई। इसी बीच सुनील पाटीदार भी पहुंचे और संजय को सुयश हॉस्पिटल ले गए। कुछ देर बाद सीएसपी गीतेशकुमार गर्ग व संयोगितागंज टीआई संतोष भदौरिया भी हॉस्पिटल पहुंचे। तब तक आईसीयू में दाखिल संजय को डॉक्टर ऑपरेशन के लिए ले गए।
परिचित पर शक
संजय रुपए लेकर आ रहे थे, इसकी जानकारी उनके साथ गए पवन के अलावा सुनील बजाज व सुनील पाटीदार को ही थी। बदमाशों ने जिस तरह वारदात की उससे लगता है उन्हें भी सारी जानकारी पहले से थी। एक शक यह भी है कि कुछ बदमाशों ने बैंक से ही पीछा किया होगा। पिछले महीने भी आईसीआईसीआई बैंक की इसी शाखा से रुपए लेकर निकले युवक के साथ इसी तरह बाइक सवार दो युवकों ने वारदात की थी।
मशक्कत से हासिल किया मुकाम
संजय के छोटे भाई मनीष ने बताया पिता का देहांत बीस साल पहले हो गया था। उनके बाद मां श्यामादेवी ने बड़ी दिक्कतों से संजय, मनीष व बेटी निकिता का लालन-पालन किया। संजय ने रुई का पुश्तैनी कारोबार आगे बढ़ाते हुए ब्रोकरशिप कर यह मुकाम हासिल किया।