इंदौर. कपड़ा बाजार में फिलहाल ग्राहकी कमजोर है। नवरात्रि के साथ ही बाजार में उपभोक्ताओं की सीमित पूछपरख निकल सकती है इसे देखते हुए थोक व्यापारी उत्पादक क्षेत्रों में सीमित खरीदी करने लगे हैं। ग्राहकी का माहौल कैसा रहता है। यह बरसात के ऊपर निर्भर करेगा।
वर्तमान में बरसात की स्थिति अत्यधिक कमजोर होने से थोक व्यापारी लंबा कामकाज नहीं कर रहे हैं। कपड़ा मार्केट में देशावर के व्यापारी भी नहीं के समान ही आ रहे हैं। वहीं खेरची बाजार में भी ग्राहकी का अभाव चल रहा है।
हालांकि रमजान का महीना प्रारंभ हो जाने से 15 दिनों में ईद की ग्राहकी सलवार सूट, दुपट्टा, सूटिंग, शर्टिग में शुरू हो जाएगी। भविष्य की ग्राहकी बरसात के आधार पर ही निर्भर करेगी। वर्तमान में भावों में स्थिरता बनी हुई है।
उत्पादक क्षेत्र और प्रमुख कपड़ा बाजार में सीमित ग्राहकी है। बाजार में धन की तंगी बनी है। चीन में ओलिंपिक खेल की समाप्ति से कलर केमिकल का रुका हुआ उत्पादन कार्य प्रारंभ होने से कलर, केमिकल की उपलब्धि आलोच्य महीने के अंत तक शुरू हो जाएगी। रेडीमेड मार्केट में भी ग्राहकी नहीं के समान है। प्रमुख रेडीमेड, निर्माताओं का दीपावली, दशहरे के लिए बुकिंग के साथ ही उत्पादन का कार्य शुरू हो गया है। रेडीमेड व्यापारियों द्वारा स्टॉक समाप्ति के लिए डिस्काउंट सेल बराबर चल रहा है।
वूलन के मालों की उपलब्धि नजर आने लगी है लेकिन ग्राहकी में अभी देरी है। सूरत, अहमदाबाद आदि में साड़ियों की ग्राहकी नहीं है। ग्राहकी नवरात्रि से दशहरा, दीपावली तक अच्छी रहने की उम्मीद की जा रही है।
नवंबर महीने से लग्नसरा की ग्राहकी शुरू हो जाएगी जो दिसंबर मध्य तक अच्छी रहेगी। वैसे प्रिंट साड़ियों पर वर्क का काम जोरों के साथ चल रहा है। कपड़ा व्यापारियों का कहना है कि बरसात अच्छी हो जाती है तो लग्नसरा के समय ग्रामीण क्षेत्रों की खरीदी अच्छी निकल सकती है। इस बार वूलन कपड़ों में भी जोरदार कामकाज की उम्मीद की जा रही है।