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किसान-प्राधिकरण बनेंगे साझेदार

इंदौर. योजनाओं के बदले अधिग्रहित होने वाली जमीन के बदले अब किसान और इंदौर विकास प्राधिकरण बराबर के हिस्सेदार बन सकेंगे। नई नीति के अंतर्गत भूस्वामी कुल प्लॉट एरिया (बेचनेयोग्य जमीन) का 50 फीसदी विकसित हिस्सा पा सकेंगे।

इंदौर विकास प्राधिकरण आगामी कुछ दिनों में यह ऐतिहासिक फैसला लेने जा रहा है। अभी किसानों को कुल अधिग्रहित भूखंड का 20 प्रतिशत विकसित प्लॉट मिलता है और प्राधिकरण इसे 25 फीसदी करना चाह रहा था। इस निर्णय का भूस्वामी और किसान विरोध कर रहे थे।

मंगलवार शाम प्राधिकरण के संचालक मंडल (बोर्ड) ने राऊ के किसानों को चर्चा के लिए बुलाया था। इसी दौरान यह निर्णय हुआ। राऊ के भूस्वामी और किसान युवराज पाटीदार, चंद्रशेखर डिंगू, सुदर्शन मुकाती और माखन मंडले के साथ करीब 50 किसान बोर्ड से चर्चा करने प्राधिकरण पहुंचे थे।

प्राधिकरण अध्यक्ष मधु वर्मा, उपाध्यक्ष चंद्रकुमार माखीजा, माणकचंद सोगानी, संचालक टीकम जोशी, विजय मलानी, गायत्री बॉथम और मालती डागोर ने भूस्वामियों और किसानों के हित में यह निर्णय लेने की बात कही। तय किया गया कि अगली बोर्ड बैठक में इस आशय का प्रस्ताव लाकर इसे मंजूर किया जाए।

शासन ने दी थी स्वतंत्रता
राज्य शासन ने पिछले दिनों प्रदेशभर के विकास प्राधिकरणों को अधिग्रहित जमीन के बदले भूस्वामियों और किसानों को देय विकसित जमीन का प्रतिशत तय करने की स्वतंत्रता दी थी। इसी के बाद से हजारों किसान और भूस्वामी इसका निर्णय होने की राह देख रहे थे।

जहां जमीन है वहीं मिलेगा हिस्सा
श्री पाटीदार ने बताया अधिग्रहण के बदले भूस्वामियों को उसी जमीन का हिस्सा मिलेगा, जहां उसकी जमीन है। स्कूल, हॉस्पिटल, मनोरंजन आदि अन्य उपयोगों की पूरी जमीन प्राधिकरण के हिस्से में आएंगी और किसानों को आवासीय व व्यावसायिक उपयोग की जमीन मिलेगी। किसानों ने इस निर्णय को ऐतिहासिक बताते हुए प्राधिकरण के पूरे संचालक मंडल को धन्यवाद दिया।

किसानों का कहना है इनके अलावा सांसद सुमित्रा महाजन और मालिनी गौड़ ने भी इस निर्णय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। प्राधिकरण अध्यक्ष श्री वर्मा ने कहा प्राधिकरण हमेशा भूस्वामियों और किसानों के हित की ही बात करता है। इसी कड़ी में यह निर्णय हो रहा है, जो आगे सभी योजनाओं पर लागू होगा। उपाध्यक्ष श्री माखीजा ने कहा यह निर्णय प्रदेश और देश के अन्य विकास प्राधिकरणों के लिए अनुकरणीय बनेगा।





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