जयपुर. अलवर और जयपुर के बैंकों में सेंध लगाने वाला गिरोह आखिर पकड़ा गया। जयपुर में 23 अगस्त को इंडियन ओवरसीज बैंक की शाखा से 7.28 लाख रुपए और लाखों के जेवर चुराने वाले दो आरोपियों को सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। उनका सरगना अभी फरार है। पुलिस ने दोनों को मंगलवार शाम कोर्ट में पेश किया। जहां से उनको 7 दिन के रिमांड पर सौंप दिया।
इसी गिरोह ने अन्य बैंकों में भी जयपुर की तर्ज पर वारदात की थी। गिरफ्तार एक आरोपी यूपी अलीगढ़ में एलएलबी द्वितीय वर्ष का छात्र सौरभ शर्मा (21) है। दूसरा आरोपी पंजाब के मोगा में लाला लाजपतराय कॉलेज का बी.फार्मेसी तृतीय वर्ष का छात्र योगेश कुमार शर्मा (21) है। दोनों अलीगढ़ में बन्नादेवी प्रतिभा कॉलोनी के रहने वाले हैं। गिरोह का सरगना और अलीगढ़ का ही रहने वाला तीसरा आरोपी फरार है। उसकी तलाश जारी है। आरोपियों से बैंक से चोरी किए 2.90 लाख रुपए बरामद किए जा चुके हैं।
गौरतलब है कि जयपुर में सीकर रोड स्थित भवानी निकेतन परिसर स्थित इंडियन ओवरसीज बैंक की शाखा में चोरों ने गैस कटर की सहायता से स्ट्रांग रूम व लॉकर को काटकर चोरी की थी।
किसने किसको पकड़ा : उप अधीक्षक रामसिंह की टीम ने आरोपी योगेश कुमार को पंजाब पुलिस की सहायता से मोगा के कॉलेज से हिरासत में लिया। योगेश हॉस्टल में 15 सौ छात्रों के साथ रहता था। उसकी पहचान करने में पुलिस को तीन दिन लग गए। इसके अलावा सौरभ को झोटवाड़ा इंचार्ज दिनेश शर्मा के दल ने यूपी पुलिस की सहायता से अलीगढ़ से गिरफ्तार किया। सौरभ के घर से ही चोरी के 2.90 लाख रु. बरामद किए गए।
किन बैंकों में की वारदातें : तीन लोगों के इस गिरोह ने 5 जुलाई की रात अलीगढ़ के थाना गभाना में एसबीआई की शाखा से 5 लाख 19 हजार 172 रुपए, मथुरा के थाना हाइवे पर एसबीआई की शाखा से 2 अगस्त की रात 59 हजार 350 रुपए, अलवर के राजगढ़ में एसबीबीजे की शाखा से 9 अगस्त की रात 11 लाख 26 हजार 500 रुपए व जयपुर में इंडियन ओवरसीज बैंक की शाखा से 23 अगस्त की रात 7 लाख 28 हजार रुपए व करीब 30 लाख रुपए के जेवरात चोरी किए।
कैसे की वारदात: आरोपियों ने बैंकों में सेंध लगाने के लिए गैस कटर का प्रयोग किया। उन्होंने जहां वारदात की, उसी शहर में गैस कटर, सिलेंडर आदि खरीदे और वारदात स्थल पर ही इस सामान को छोड़ गए। सभी वारदातें शनिवार की आधी रात के बाद की गईं। इसका कारण आरोपियों की वारदात का पता सोमवार को बैंक खुलने पर चलने और तब तक उनके काफी दूर निकल जाने की चाल रही।
श्याम नगर में परिवार को बंधक बनाकर लाखों उड़ाए
जयपुर. श्यामनगर क्षेत्र में सोमवार देर रात पांच नकाबपोश डकैत एक बिल्डर व उसके परिजनों को बंधक बनाकर लाखों के जेवरात और नगदी ले उड़े। वारदात के लिए डकैतों ने खिड़की की ग्रील पेचकस से खोल कर अंदर प्रवेश किया। सभी डकैतों का हुलिया और भाषा बंगालियों की तरह थी।
पुलिस के अनुसार श्यामनगर के गौतम मार्ग एच-37 निवासी बिल्डर पवनकुमार शाह अपने परिवार व दिल्ली से आए एक मित्र भारतभूषण आहूजा के साथ मकान में सो रहे थे। रात करीब 2:30 बजे पांच नकाबपोश डकैत मकान के अंदर घुस गए। इसके बाद वे शाह के कमरे में घूसे। बाद में डकैतों ने चाकू की नोंक पर शाह दंपती से रुपए व माल निकालने के लिए कहा। दंपती ने उनके पास जेवर व रुपए नहीं होने बताया तो उन्होंने उनसे बच्चों साहिल (11) व लावण्या (2) को मारने की धमकी दी।
इसके बाद दंपती को बंधक बना लिया। डकैतों ने पवन के हाथ से अंगूठी, घड़ी उतरवा ली और लीव पर्स से 1800 रुपए भी निकाल लिए।। इसी तरह रूपाली के गले से सोने का हार, कानों के कुंडल, दो रत्न जड़ित अंगूठियां व पुत्री लावण्या के कानों से कुंडल उतरवा लिए। इसके बाद एक डाकू नीचे गया और चार दूसरी मंजिल पर गेस्टरूम में चले गए।
डकैत ने वहां सो रहे आहूजा को जगाया तो वह जोर से चिल्लाए। इस पर एक आरोपी ने उनके सिर पर तोलियां डाल दिया। दूसरे उनके हाथ नाड़े की डोरी से बांध दिए। इसके बाद सिर पर चद्दर डाल लिया। इसके बाद सोने की नीलम जड़ित अंगूठी उतरवाकर पर्स से 1200 रुपए ले लिए।
सभी को कोने में बैठाया
डकैत आहूजा को मुंह पर कपड़े डाले नीचे दंपती के कमरे में लाए और उनके साथ कमरे के एक कोने में बैठा दिया। शोर मचाने पर जान से मारने की धमकियां। इसके बाद दो डकैत नीचे रहे और तीन फिर से दूसरी मंजिल पर गए। वहां स्टोर रूम में दो आलमारियों के ताले तोड़कर उनमें रखी पांच घड़ियां, सोने के जेवर, चांदी के बर्तन व जेवर सहित करीब 50 हजार रुपए निकाल लिए। इसके बाद गेस्ट रूम की अलमारी खोल कर उसकी भी तलाशी और सारे सामान को बिखेर दिया।
मोबाइल तोड़ा: डकैतों से बचने के लिए रूपाली ने पुलिस कंट्रोल रूम को फोन करने का प्रयास किया तो एक डकैत ने उससे मोबाइल छीन लिया और जमीन पर मारकर तोड़ दिया। पवन शाह ने इस संबंध में श्याम नगर पुलिस में मामला दर्ज कराया है।