बीकानेर. बीकानेर विश्वविद्यालय व उससे संबंधित कॉलेजों में स्नातक व स्नातकोत्तर के जिन छात्रों को अब तक परीक्षा शुल्क 500 रुपए देना होता था उन्हें अगले सत्र से यह शुल्क लगभग 550 रुपए देना होगा क्योंकि विवि अगले सत्र से परीक्षा शुल्क में कम से कम 10 प्रतिशत की वृद्धि करने की तैयारी कर रहा है। शुल्क बढ़ाने की घोषणा से पूर्व विवि एक कमेटी गठित करेगा।
कमेटी की रिपोर्ट आते ही उससे एकेडमिक कौंसिल की बैठक में रखा जाएगा। कौंसिल में प्रस्ताव के पारित होते ही बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट की मंजूरी कराई जाएगी। पिछली बार हुई एकेडमिक कौंसिल की बैठक में शुल्क वृद्धि के लिए सैद्धांतिक सहमति बन चुकी है। दरअसल सरकार की ओर से विवि को आर्थिक सहयोग नहीं मिल रहा है। धन की कमी के कारण विवि में पांच विभाग मूर्त रूप नहीं ले पा रहे हैं।
इसके अलावा विवि का भवन निर्माण का सैकंड फेज का काम अटका हुआ है। पहले चरण में सिर्फ कुलपति सचिवालय, प्रशासनिक कार्यालय व परीक्षा विभाग ही तैयार हो सका है लेकिन सैकंड फेज का कार्य बाकी है। सरकार ने पैसा देने से साफ इनकार कर दिया है। विवि ने कलेक्टर के मार्फत जनसहभागिता से पैसा जुटाने की कोशिश की लेकिन वह भी अब तक कागजों में ही है।
आर्थिक किल्लत झेल रहे विवि के पास परीक्षा शुल्क बढ़ाने के अलावा कोई और रास्ता नहीं बचा है। हालांकि शुल्क वृद्धि से पहले विवि सभी छात्र संगठनों और उनके नेताओं से भी चर्चा करेगा। विवि का कहना है कि फीस उतनी ही बढ़ाई जाएगी जिससे छात्रों पर अधिक भार नहीं पड़े।
गौरतलब है कि पूर्व में भी विवि में फीस बढ़ाई गई थी जिसके कारण बड़े स्तर पर छात्र आंदोलन हुआ था। मजबूरन विवि को अपना निर्णय वापस लेना पड़ा था। इस बार फिर से आंदोलन खड़ा न हो इसलिए छात्र नेताओं ने पहले ही बात की जाएगी। यह जिम्मेवारी कमेटी की है।
परीक्षा शुल्क में वृद्धि करना मजबूरी है लेकिन फीस उतनी ही बढ़ाई जाएगी जो छात्र आसानी से सहन कर सकें। शुल्क वृद्धि से पहले एक कमेटी गठित की जाएगी।
-प्रो.सी.बी.गैना, कुलपति, बीकानेर विवि