भोपाल. जनसमस्याओं का मुख्य कारण कालोनियों का नगर निगम के अधीन नहीं होना है। मैं प्रयास कर रहा हूं कि कालोनी बनने के साथ ही निगम के अधीन हो जाएं। इसके लिए एक्ट में संशोधन की जरूरत है मेरी इस बारे में शासन स्तर पर चर्चा चल रही है।
यह बात त्रिलंगा स्थित राजीव गांधी कॉलेज में दैनिक भास्कर द्वारा वार्ड 51 व 52 के नागरिकों की समस्याओं के निदान के लिए आयोजित रूबरू कार्यक्रम के दौरान क्षेत्रीय विधायक उमाशंकर गुप्ता ने कही। उन्होंने कहा कि एक्ट में इस बात का संशोधन कराया जा रहा है कि किसी भी कालोनी के निर्माण के साथ कालोनाइजर से नगर निगम कम्पलीशन सर्टिफिकेट ले।
सर्टिफिकेट लेने के साथ ही उक्त कालोनी को निगम के अधीन मान लिया जाए। श्री गुप्ता ने कहा कि लोगों में इस बात को लेकर हमेशा असंतोष रहता है कि उनसे नगर निगम जब संपत्तिकर वसूल करता है तो फिर विकास कार्य क्यों नहीं करता। निगम के एक्ट में ऐसी कालोनियों से टैक्स लेने का तो प्रावधान है परंतु उनमें विकास कार्य कराने वाले अधिकारी पर आपराधिक प्रकरण तक दर्ज कराने का भी प्रावधान है। इस विसंगति को दूर कराने का प्रयास किया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान विधायक श्री गुप्ता के अलावा, पाषर्द आलोक संजर, भारत सिंह पाल, सीपीए के अधीक्षण यंत्री जवाहर सिंह, सीएसपी आरएस मिश्रा, मध्यक्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के सहायक यंत्री एमपी सिद्दीकी, नगर निगम के सिटी इंजीनियर सुबोध जैन समेत अन्य अधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में दैनिक भास्कर की ओर से अलीम बजमी ने अतिथियों को स्मृति चिह्न् भेंट किए तथा कार्यक्रम का संचालन प्रीति पारधी ने किया।
मौके पर दिए समस्या दूर करने के निर्देश
दोनों पार्षदों ने कार्यक्रम के दौरान ही उन समस्याओं का समाधान करने के निर्देश निगम अधिकारियों को दिए जो ज्यादा नागरिकों ने उठरई। इनमें प्रमुख निर्देश इस प्रकार हैं।
>> वार्ड 51 के खुले पड़े सीवर मेन होल पर ढक्कन लगाना।
>> नालियों की सफाई कराना।
>> कचरे के डिब्बे रखवाना।
>> अरेरा कालोनी के पार्र्को में असामाजिक तत्वों की धरपकड़ कराना।
>> आयुष्मान अस्पताल के सामने बगैर स्टाप पर रुकने वाली बसों पर कार्रवाई कराना।