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Other Sports Other Sports नई दिल्ली.पूर्व ओलंपियन और वर्तमान राष्ट्रीय महिला हॉकी टीम के कोच एमके कौशिक को राष्ट्रीय पुरुष हॉकी टीम का भी सीनियर कोच नियुक्त किया गया है। इसके अलावा एके बंसल को टीम का जूनियर कोच बना दिया गया है। कौशिक को जोक्विम कारवाल्हो के स्थान पर कोच नियुक्त किया गया। कौशिक का चयन हॉकी तदर्थ चयन समिति के सदस्यों की छह घंटे तक चली मैराथन बैठक के बाद किया गया।
दस साल बाद हुई वापसी: एमके कौशिक की सीनियर टीम में कोच के रूप में वापसी दस साल के बाद हुई है। 1998 में उन्हीं के प्रशिक्षण में भारत ने बैंकॉक एशियाड का गोल्ड मेडल जीता था। तदर्थ समिति ने उनके सहयोगी के रूप में रमनदीप सिंह, हरेंदर सिंह और गोलकीपिंग कोच के रूप में रोमियो जेम्स का चयन किया है। जूनियर कोच बंसल के सहयोगी के तौर पर राजेश चौहान और क्लेरेंस लोबो का चयन हुआ है।
सुबैया क्यों नहीं:
गोलकीपिंग कोच के रूप में एबी सुबैया के चयन की उम्मीद थी। उन्हें बीजिंग ओलंपिक में अन्य टीमों की तकनीकी जानकारी लेने के लिए भेजा गया था लेकिन आश्चर्य है कि उनका चयन नहीं हुआ।
कौशिक और उनके सहयोगियों की नियुक्ति 2010 एशियन गेम्स तक के लिए की गई है जबकि बंसल और उनके सहयोगी अगले साल आयोजित जूनियर वल्र्ड कप हॉकी तक प्रशिक्षण देते रहेंगे। इन प्रशिक्षकों के चयन के अलावा पूर्व मशहूर हॉकी खिलाड़ियों अजीत पाल सिंह, अशोक कुमार, असलम शेर खान, जफर इकबाल और धनराज पिल्लै ने 48 संभावित खिलाड़ियों का चयन किया जिन्हें वल्र्डकप, कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन गेम्स के मद्दे नजर प्रशिक्षण दिया जाता रहेगा।
कौशिक तुरंत कोचिंग कैंप के पक्ष में : अपनी नियुक्ति पर खुश कौशिक ने कहा कि मुझे बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। मैं भारतीय ओलंपिक एसोसिएशन से आग्रह करूंगा कि जल्द से जल्द कैंप का आयोजन करें ताकि प्रतिभाओं की पहचान हो सके।
उन्होंने वैज्ञानिक तरीके से प्रशिक्षण के लिए भी स्टाफ की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जब वे महिला टीम के कोच थे तब उन्हें ट्रेनर, फिजियोथेरोपिस्ट और कमप्युटर एनालिस्ट की सेवाएं प्राप्त थी। चयन समिति के चेयरमैन अजीत पाल ने कहा, कौशिक सबसे योग्य उम्मीदवार थे। हम सब उन्हें दायित्व सौंप कर खुश हैं।