भोपाल. बीना में सांसद वीरेंद्र कुमार पिटाई कांड की जांच कर रही रेलवे आईजी अरुणा मोहन राव ने मंगलवार को रेलवे पुलिस, आरपीएफ और रेलवे के अधिकारियों के बयान लिए।
सीएम श्री शिवराज सिंह चौहान ने सांसद पिटाई कांड में राज्य सरकार की ओर से रेलवे आईजी श्रीमती राव को जांच अधिकारी बनाकर तीन दिन में जांच रिपोर्ट देने को कहा था। नियत तीन दिन की अवधि समाप्त होने के बावजूद श्रीमती राव जांच पूरी नहीं कर सकीं। तीसरे दिन रेल मंडल प्रबंधक पीके अग्रवाल, रेलवे पुलिस की डीएसपी, आरपीएफ के सहायक सेनानी सहित कई अधिकारी बयान दर्ज कराने के लिए आईजी रेलवे आफिस पहुंचे।
एक हफ्ते और अस्पताल में: हमीदिया अस्पताल में भर्ती सांसद को देखने आए ग्वालियर मेडिकल कॉलेज के न्यूरोसर्जरी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. एसएन अयंगर ने भास्कर को बताया कि उन्हें अभी एक हफ्ते और अस्पताल में रखा जाएगा।
यह जानकारी ग्वालियर मेडिकल कालेज के न्यूरोसर्जरी के विभागाध्यक्ष डा. एस.एन अयंगर ने भास्कर को दी। वे श्री विरेंद्र को देखने भोपाल आए थे। उन्होंने बताया कि उनकी स्थिति स्थिर है लेकिन टांके निकलने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। इसलिए वे उन्हें एक हफ्ते और अस्पताल में रहना होगा। मंगलवार को श्री विरेंद्र का स्वास्थ्य समाचार लेने नगरीय प्रशासन मंत्री जयंत मलैया भी पहुंचे।
डीआरएम ने कहा, ‘बयान देने नहीं गया था’
मंडल रेल प्रबंधक श्री अग्रवाल के बयान नहीं हो सके, डीआरएम का कहना है कि वे बयान देने नहीं बल्कि आईजी रेलवे से मुलाकात करने गए थे। बयान दर्ज करने के अलावा श्रीमती राव ने अधिकारियों के साथ घटना की वीडियो तस्वीरों की एक सीडी भी देखी।