नई दिल्ली.
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हमेशा बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले भारतीय ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह को कंगारुओं के खिलाफ हारने से सख्त नफरत है और वह इस चैंपियन टीम को मात देने के इरादे से ही मैदान में कदम रखते हैं।
हरभजन ने खेल चैनल ‘स्टार क्रिकेट’ को दिए एक साक्षात्कार में कहा है कि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलने का मौका आते ही उन्हें लगता है कि इस टीम को हराना है और यही बात उनके भीतर जोश भर देती है। शनिवार को प्रसारित होने वाले इस साक्षात्कार में हरभजन ने कहा ‘मुझे आस्ट्रेलिया के खिलाफ हारने से सख्त नफरत है। आखिर मेरे सभी बेहतरीन प्रदर्शनों का इसी टीम के खिलाफ सामने आना महज संयोग तो नहीं हो सकता है।
जब भी मैं उनके खिलाफ खेलता हूं तो उसे मात देने का इरादा मेरे भीतर जोश भर देता है।’ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ १९९८ में टेस्ट पदार्पण करने वाले हरभजन ने अपने जोशीले प्रदर्शन से हमेशा ही कंगारूओं को खासी दिक्कत में डाला है।
वे बेंगलूरू टेस्ट से पहले ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेले गए ११ टेस्ट मैचों में ६४ विकेट ले चुके हैं। इसमें वर्ष 2001 की ऐतिहासिक सीरीज में लिए गए ३२ विकेट भी शामिल हैं।अब वे 300 टेस्ट विकेट हासिल करने की उपलब्धि से महज चंद कदम दूर हैं। इस बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा‘ मुझे इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है कि मेरा 300 वां विकेट कौन होगा। मैं तो बस जल्द से जल्द इस मुकाम तक पहुंचना चाहता हूं।