bhaskar Web English
HomeNewsNational National

चंद्रमा पर ऊर्जा तलाशेगा चंद्रयान, 22 को लॉन्चिंग

श्रीहरिकोटा .भारत द्वारा चंद्रमा पर भेजे जा रहे पहले मानवरहित अभियान चंद्रयान-1 का एक मकसद धरती के इस उपग्रह की भविष्य के ऊर्जा स्रोत के रूप में संभावनाओं का पता लगाना होगा। यह अभियान ऐसे समय में हो रहा है जब दुनिया में इस खगोलीय पिंड के बारे में नए सिरे से रुचि जग रही है।

विक्रम साराभाई अंतरिक्ष केंद्र के निदेशक डॉ. के राधाकृष्णन तथा सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र में उनके समकक्ष एमसी दाथन ने पत्रकारों को बताया, ‘हमें कई बार ऐसे सवालों का सामना करना पड़ता है कि भारत चंद्रमा पर मानव के पहली बार उतरने के करीब 40 वर्षो बाद इस अभियान को इतना महत्व क्यों दे रहा है। हकीकत यह है कि अब कई कारणों से चंद्रमा में नए सिरे से रुचि जगी है।’

पहली बात तो यह कि चंद्रमा मानवजाति के लिए ऊर्जा का बड़ा स्रोत हो सकता है। वहां इस सवाल का जवाब मिल सकता है कि धरती पर तेजी से घट रहे जीवाश्म ईंधन से पैदा होने वाली गंभीर स्थिति से कैसे निपटा जाए। पहले के चंद्र अभियानों ने चंद्रमा की सतह पर हीलियम की मौजूदगी का पता लगाया था। भविष्य में उसके वहां से दोहन, उसे धरती पर लाने और उसकी प्रोसेसिंग करने का काम शुरू हो सकता है।

दूसरे, चंद्रमा पृथ्वी का एकमात्र प्राकृतिक उपग्रह है। उसकी खोज के लिए किए जा रहे वैज्ञानिक और तकनीकी प्रयोगों से मानव का मंगल जैसे अन्य ग्रहों तक पहुंचने का सपना साकार हो सकता है।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: