इंदौर. लगभग पौने दो साल बाद सेंट्रल जेल में एक और कैदी को मौत के घाट उतार दिया गया। जेलकर्मियों और कैदियों में हुए संघर्ष में उसे इतनी बेरहमी से मारा कि आधी रात को सांस ही उखड़ गई।
उसके शरीर पर करीब 60 चोटें पाई गईं। उधर एमवाय अस्पताल में भर्ती घायल जेलर-उप जेलर कैदी की मौत की सूचना मिलते ही आईसीयू छोड़कर गायब हो गए जबकि जेल अधीक्षक श्री पांडे ने दावा किया कि दोनों एमवाय में ही हैं। सुरक्षा के दृष्टिगत उन्हें कहीं और रखा है।
जिला जज ने घटना की न्यायिक जांच कराने के आदेश दिए हैं। पुलिस ने हत्या का केस नहीं बल्कि केवल मर्ग कायम किया है। कैदी अन्ना उर्फ वसीम पिता बादशाह (27) निवासी भिश्ती मोहल्ला सदर बाजार की मौत की न्यायिक जांच न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी अयाज मोहम्मद करेंगे। रविवार को कैदियों और जेलकर्मियों के बीच हुए खूनखराबे में अन्ना घायल हो गया था। सोमवार अलसुबह उसकी मौत की सूचना मिलते ही एमवाय अस्पताल में परिजन का तांता लग गया और स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस व प्रशासनिक अफसरों के साथ भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। मृतक के परिजन व रिश्तेदार बिफरने लगे तो अफसरों ने समझाया। वे चाहते थे कि पोस्टमार्टम से पहले इस बात की जांच हो कि उसे किसने मारा।
परिजन ने आरोप लगाया कि उसे जेलकर्मियों ने ही मारा क्योंकि हमेशा वे उसे वसूली के लिए परेशान करते थे। दिनभर यही जद्दोजहद चलती रही। दोपहर में तीन डॉक्टरों व एक पैथालॉजिस्ट की टीम ने उसका पोस्टमार्टम किया। तीन बजे परिजन लाश लेकर गए तब कहीं एमवाय परिसर शांत हुआ। जेल प्रशासन ने रविवार को जेल में संघर्ष में घायल जेलर आरसी आर्य, उपजेलर व चक्कर अधिकारी आरएस पांडे को तत्काल एमवायएच भेज दिया किंतु अन्ना उर्फ वसीम सहित अन्य कैदियों के घायल होने की बात छिपा ली थी। उन्हें केवल इतना बताया कि कैदी अन्ना, आशीष, नवलसिंह, जागरिया, हरजी, अवधेश व विजय को मामूली चोट लगी है और उनका इलाज जेल के अस्पताल में ही हो गया।
सुबह घायल हुआ था शाम को एमवाय ले गए
अन्ना की तबीयत जब एकदम बिगड़ गई और वह अचेत हो गया तब जेल प्रशासन ने उसे शाम सवा छह व साढ़े छह बजे के दरमियान एमवायएच भेजा। अस्पताल के रिकॉर्ड के अनुसार रविवार शाम उसे अस्पताल लाने के बाद शाम 6.42 बजे उसकी आउट डोर पर्ची बनी।
आधी रात बाद मौत हुई
सबसे पहले उसका आकस्मिक चिकित्सा अधिकारी ने परीक्षण किया और रात नौ बजे तक सीएमओ रूम से लगे आब्जर्वेशन रूम में रखा। रात नौ बजे उसकी तबीयत अत्यंत गंभीर होने पर उसे सर्जरी आईसीयू में भर्ती किया गया जहां रात 2.40 बजे उसकी मौत हो गई।