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International International वाशिंगटन. सात सौ अरब डालर के महत्वाकांक्षी बेलआउट पैकेज की शुरुआत करते हुए अमेरिकी सरकार ने मंगलवार को देश के नौ बड़े बैंकों में सीधे हिस्सेदारी खरीदने के लिए 250 अरब डालर लगाने की घोषणा की।
योजना के तहत 100 अरब डालर बाद में लगाए जाएंगे। सरकार का कहना है कि इसे वित्तीय संकट के हल के लिए अंतिम विकल्प के तौर पर अपनाया गया है। इससे पहले सोमवार को यूरोपीय देशों की सरकारों ने बैंकों में दोबारा पूंजी लगाने की योजना लागू की थी जिसके बाद मंगलवार को यूरोपीय बाजारों में भारी तेजी देखने दर्ज की गई है।
कैसे होगा इस्तेमाल?
बुश प्रशासन इस वर्ष बैंकों के शेयर खरीदने में 250 अरब डालर खर्च करेगा। इसके अलावा 100 अरब डालर की अतिरिक्त जरूरत पड़ेगी। बाकी 350 अरब डालर की राहत योजना अगले अमेरिकी राष्ट्रपति की निगरानी में लागू की जाएगी।
किनको होगा फायदा
1. बैंक आफ अमेरिका
2. वेल्स फार्गो
3. सिटीग्रुप
4. जेपी मॉर्गन चेज
5. गोल्डमेन साक्स
6. मॉर्गन स्टेनली
7. बैंक आफ न्यूयार्क मेलौन कॉपरे.
8. स्टेट स्ट्रीट कॉपरे.
9. मेरिल लिंच
अमेरिकी बैंकिंग तंत्र को स्थिरता प्रदान करने के लिए यह छोटी अवधि का उपाय किया गया है।
- जॉर्ज डब्ल्यू. बुश, अमेरिकी राष्ट्रपति