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Madhya Pradesh
Gwalior Gwalior शिवपुरी. राज्य में 25 नवंबर को होने जा रहे विधानसभा चुनाव के दृष्टिगत आदर्श आचार संहिता प्रभावी होने के बाद भी प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री अखंड प्रताप सिंह की लालबत्ती लगी कार कलेक्ट्रेट कलेक्ट्रेट परिसर में घूमती रही। खास बात यह रही कि जिला प्रशासन ने न ही इस कार की बत्ती उतारी और न चालक के खिलाफ कोई कार्रवाई की।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार मप्र शासन के खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री अखंड प्रताप सिंह की एंबेसडर कार क्रमांक एमपी 02 एबी 1827 बुधवार की सुबह शिवपुरी आई। इस कार में मंत्री तो नहीं थे, लेकिन उनके कुछ समर्थक इसमें मौजूद थे। साथ ही कार को एक शासकीय ड्राइवर चला रहा था। खास बात यह है कि यह लाल बत्ती लगी कार झांसी से दतिया होकर शिवपुरी आई, पर किसी भी प्रशासनिक अफसर ने इसकी बत्ती नहीं उतरवाई।
जबकि नियमानुसार आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद किसी भी मंत्री अथवा राजनेता द्वारा अपनी कार पर लाल बत्ती नहीं लगाई जा सकती। बावजूद इसके उक्त कार लालबत्ती लगी हुई दोपहर बाद तक कलेक्ट्रेट परिसर में घूमती हुई देखी गई। इस बारे में जब खाद्य विभाग के कर्मचारियों से संपर्क किया गया तो उन्होंने दबी जुबान बताया कि मंत्रीजी की कार पेट्रोल खर्च लेने के लिए शिवपुरी आई थी, लेकिन आचार संहिता लागू होने के कारण किसी ने इस कार में पेट्रोल नहीं डलवाया।
खास बात यह रही कि आज जिला खाद्य अधिकारी राजीव दुबे कोर्ट पेशी में गए हुए थे, जबकि उनकी अनुपस्थिति में कार्यालय में कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था। दूसरी ओर खाद्य विभाग के बाहर खड़ी लाल बत्ती की उक्त कार के संबंध में किसी भी अधिकारी ने कलेक्टर को कोई जानकारी नहीं दी।