|
जयपुर. ‘सोच समझकर देवणो घणों कीमती वोट, हांडी परखे लेवण्यो दे उंगली की चोट’। विभिन्न महिला संगठनों इसी सलाह के साथ मतदाताओं से अपील की है कि वे अपना वोट परख के बाद सही प्रत्याशी को ही दें।
राजस्थान विवि. महिला संस्था की अध्यक्ष लाड़कुमारी जैन ने कहा कि महिला अत्याचारों को रोकने का दमखम किस दल में है, यह देखना होगा। शराब दुकानों की बाढ़ ने कई परिवार बर्बाद कर दिए, इस पर गंभीरता से सोचना होगा। संस्था मतदाताओं को जागरूक बनाने के लिए राज्यभर में बड़ी संख्या में पैंफ्लेट बांटेगी। जनवादी महिला समिति की प्रदेश महासचिव कुसुम साहिवाल ने कहा कि मतदाताओं को लालच देने वालों से सतर्क रहना होगा। इसके अलावा महिला पुनर्वास समिति, भारत ज्ञान विज्ञान समिति, महिला जागृति सहित विभिन्न महिला व जनसंगठनों ने मतदाताओं से ऐसी ही अपील की है।
इनके मुद्दे : शराब की दुकानें आबादी के बीच व धार्मिक स्थल के पास नहीं होनी चाहिए। गरीबों को आवश्यक वस्तुएं नियंत्रित मूल्य पर दी जाएं। बीपीएल चयन में धांधली न हो। राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना को ईमानदारी से लागू किया जाए। सरकारी नौकरी के लिए निशुल्क आवेदन की व्यवस्था हो। डायन प्रथा को रोकने के लिए मजबूत कानून बने और शिक्षण संस्थाओं में लोकतंत्र की बहाली होनी चाहिए।