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नई दिल्ली.
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने आज कहा कि कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी के नेतृत्व में टीम इंडिया का प्रदर्शन निखर रहा है लेकिन माही को अभी बहुत अधिक साबित करना है।
बतौर कप्तान उनकी असली परीक्षा विदेशी धरती पर होगी। गांगुली ने एक निजी चैनल को दिए साक्षात्कार में कहा धोनी एक वर्ष से भारतीय टीम के कप्तान हैं, लेकिन बतौर कप्तान उनकी असल परीक्षा विदेशी धरती पर होगी।
आस्ट्रेलिया के खिलाफ हालिया सम्पन्न बोर्डर-गावसकर सीरीज के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने वाले पूर्व कप्तान ने स्वीकार किया कि भारत को उसी की धरती पर मात देना हमेशा से कठिन रहा है। उन्होंने कहा कि अपनी जीत के रिकार्ड को विदेशी धरती पर बरकरार रखना धोनी के लिए बहुत बड़ी चुनौती होगी। भारत ने माही के नेतृत्व में अबतक खेले गए सभी तीन टेस्ट जीते हैं और जबकि गांगुली ने 49 टेस्ट मैचों में देश का नेतृत्व किया है जिनमें से २१ में उन्होंने जीत दिलाई है।
देश के सबसे सफल कप्तान रह चुके गांगुली ने कहा यह सर्वविदित तथ्य है कि भारत को उसी की धरती पर मात देना किसी भी विदेशी टीम के लिए कठिन है। लेकिन विदेशी धरती पर मैच जीतना वास्तविक चुनौती है। प्रिंस आफ बंगाल केनाम से विख्यात गांगुली ने चैपल विवाद के बारे में कहा कि किसी भी टीम की सफलता में उसके कोच की भूमिका महज 25 प्रतिशत होती है और बाकी कप्तान एवं टीम पर निर्भर करता है।
उन्होंने कहा जिस तरह से भारतीय क्रिकेट के मामले में ग्रेग चैपल ने दखलंदाजी की वह उचित नहीं था। उन्होंने इंडियन प्रीमियर लीग .आईपीएल के दो संस्करणों में खेलने की बात भी कही है।