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नसीराबाद. निकटवर्ती बाघसुरी गांव में सोमवार शाम तीन भाइयों के बाड़े में अज्ञात कारणवश आग लग गई। इससे तीनों बाड़ों में रखी मक्का, बाजरा, ज्वार व तिल की 165 ट्रॉली फसल व तीन सौ मन खाखला जलकर राख के ढेर में तब्दील हो गया। ग्रामीणों व दमकलकर्मियों की दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
बाघसुरी निवासी भंवरलाल जाट, हीरा जाट व रमेश पुत्र रामनाथ के बाड़ों में शाम करीब 4.30 बजे अज्ञात कारणवश आग लग गई। तीनों भाइयों के बाड़ों से आग की ऊंची लपटें उठती देख ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आग बुझाने की मशक्कत में जुट गए।
पूरा गांव उपलब्ध संसाधनों से आग बुझाने में जुट गया। सूचना मिलने पर अजमेर नगर निगम, छावनी परिषद व सेना के दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों व दमकलकर्मियों की दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया लेकिन तब तक ३क् ट्रॉली मक्का, ३क् ट्रॉली बाजरा, 5 ट्रॉली तिल, १क्क् ट्रॉली ज्वार, तीन सौ मन खाखला, एक बैलगाड़ी व हल आग में जलकर राख हो चुके थे।
अधिकारी भी पहुंचे
सूचना मिलने पर उपखण्ड अधिकारी सुरेश सिंधी, तहसीलदार श्रीनिवास त्रिपाठी व पुलिस उपाधीक्षक (ग्रामीण) योगेन्द्र फौजदार भी मौके पर पहुंचे।