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नई दिल्ली. शादी के लिए युवकों का अपहरण? यह जानकार आपको भले ही कुछ अजीब लगे लेकिन यह हकीकत है और इतना ही नहीं पिछले साल जबरन शादी कराने के लिए देश में 209 पुरुषों और लड़कों का अपहरण किया गया। इनमें 50 साल से अधिक उम्र वाले पुरुषों से लेकर दस साल से कम उम्र वाले लड़के तक शामिल हैं।
राष्ट्रीय अपराध रिकार्ड ब्यूरो द्वारा तैयार रिपोर्ट ‘भारत में अपराध-2007’ के मुताबिक, बिहार देश में एकमात्र ऐसा राज्य है जहां महिलाओं की अपेक्षा पुरुषों के अपहरण अधिक दर्ज किए गए। रिपोर्ट के अनुसार बिहार से 1268 पुरुषों का अपहरण किया गया, जबकि महिलाओं के अपहरण के मामले इनसे छह कम दर्ज किए गए।
महिलाओं के अपहरण का मूल कारण जहां विवाह के रूप में (६१.२ प्रतिशत) सामने आया है, वहीं पुरुषों के अपहरण की मुख्य वजह (8.1 फीसदी) फिरौती रही।
रिपोर्ट के मुताबिक, शादी के लिए अपहृत सर्वाधिक 7,930 महिलाएं 18 से 30 साल उम्र की थीं। जबकि 15 से 18 साल की उम्र वाली 2,521 युवतियों का अपहरण विवाह के लिए किया गया।
इसी प्रकार कुछ युवकों और युवतियों का अपहरण देह व्यापार के लिए भी किया गया। रिपोर्ट में कहा गया है कि बीते साल अपहरण के 28,030 मामले दर्ज किए गए, जो उससे पहले साल के मुकाबले 15.4 प्रतिशत अधिक रहे।
ब्यूरो के अनुसार, पुरुषों (7,340) के मुकाबले महिलाओं (२क्,६९क्) के अपहरण के मामले 73.8 प्रतिशत मामले अधिक दर्ज किए गए। गौरतलब है कि इस दौरान मानव तस्करी या मानव अंगों की बिक्री के लिए अपहरण की कोई घटना सामने नहीं आई है।उधर, अपहरण के सबसे ज्यादा प्रकरण उत्तरप्रदेश में 4,478 दर्ज किए गए, जबकि बिहार में 2,530 अपहरण किए गए।