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विशेष. देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में हुआ आतंकी हमला निश्चित तौर पर भारी लापरवाही का नतीजा कहा जा सकता है। यह लापरवाही किसी एक जगह नहीं हुई, बल्कि खुफिया एजेंसियों से लेकर सुरक्षा बल और राज्य सरकार व पुलिस सभी इसके लिए कहीं न कहीं दोषी हैं।
रॉ रिसर्च एंड एनालिसिस विंग
काम भारत की बाहरी खुफिया एजेंसी जिसे अमेरिका समेत अन्य देशों से गुप्त सूचनाएं मिलती हैं।
सूचना इसे 18 नवंबर को सूचना मिली थी कि आतंकवादी समुद्री रास्ते के जरिये भारत में घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे हैं।
चूक सूचना पर आगे छानबीन और कार्रवाई नहीं की।
प्रतिक्रिया मुंबई हमले के बाद एजेंसी ने अपनी अग्रिम चेतावनी को सार्वजनिक किया।
आईबी इंटेलीजेंस ब्यूरो
काम- देश के भीतर सूचनाएं जमा करना।
सूचना- समुद्री रास्ते से हो सकने वाले आतंकी हमले की आशंका लंबे समय से जताती आई थी।
चूक- इस बार हुई चूक। इसे मुंबई आतंकी हमला न रोक पाने के लिए जिम्मेदार माना जा रहा है।
प्रतिक्रिया- मुंबई हादसे के बाद दिल्ली, गुजरात और अन्य राज्यों को गलत चेतावनी जारी की।
महाराष्ट्र सरकार और पुलिस
काम- राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखना। शासन-प्रशासन के साथ लोगों को सुरक्षा देना।
सूचना- राज्य शासन को 18 नवंबर को चेतावनी मिली कि समुद्री रास्ते के जरिये आतंकी हमला होने की आशंका है।
चूक- सूचना के बावजूद राज्य ने अपनी ओर से सतर्कता नहीं बरती। 1993 में हुए मुंबई सीरियल धमाकों में इस्तेमाल हुआ विस्फोटक समुद्री रास्ते से ही आया था, लेकिन इससे कोई सबक नहीं लिया।
प्रतिक्रिया- राज्य के गृहमंत्री आरआर पाटील को इस्तीफा देना पड़ा। मुख्यमंत्री के बदले जाने की मांग बढ़ी।
रक्षा मंत्रालय
काम- देश की रक्षा। इसके अंतर्गत तीनों सेनाएं और समुद्री रक्षक आते हैं।
सूचना- समुद्री रास्ते से हो सकने वाले आतंकी हमले की जानकारी थी। रक्षा मंत्री एके एंटोनी ने संसद में बयान भी दिया था।
चूक- जानकारी के बावजूद इस ओर ठोस कदम नहीं उठाए गए।
प्रतिक्रिया- रक्षा मंत्री ने इस्तीफे की पेशकश की। उन्होंने नौसेना प्रमुख से भी सवाल-जवाब किए।
नौसेना एवं समुद्री रक्षक
काम- भारत की समुद्री सीमा की रक्षा।
सूचना- पाकिस्तान की ओर से आतंकियों की घुसपैठ की आशंका से वाकिफ।
चूक- सुरक्षा और चौकसी में कोताही।
प्रतिक्रिया- नौसेना ने कहा आतंकियों की बोट को पकड़ने के लिए 18 जहाज तैनात किए थे, लेकिन आतंकी बच निकले और सूचना काम नहीं आई।
एनएसजी नेशनल सिक्योरिटी गार्ड
काम- देश की रक्षा। आतंकियों से निपटने के लिए हमेशा तैयार। बंधकों को सुरक्षित छुड़ाना।
सूचना- मुंबई आपरेशन में कई कमियां सामने आई।
चूक- लंबी चली मुठभेड़ में कई जानें गई।
प्रतिक्रिया- एनएसजी कमांडो की देश के अन्य प्रमुख स्थानों पर तैनाती की मांग बढ़ी।